लहसुन की उन्नतशील किस्में
मध्यप्रदेश में लहसुन की उत्पादकता अन्य प्रदेशों की अपेक्षा बहुत कम है जिसका मुख्य कारण कृषकों द्वारा उन्नत किस्मों का प्रयोग ना करना है। यदि किसान भाई लहसुन की उन्नत किस्मों का चुनाव करें तो निश्चित रुप से उत्पादन को
संपादकीय (Editorial) में भारत में कृषि, कृषि नीतियों, किसानों की प्रतिक्रिया और भारतीय परिदृश्य में इसकी प्रासंगिकता से संबंधित नवीनतम समाचार और लेख शामिल हैं। संपादकीय (Editorial) में अतिथि पोस्ट और आजीविका या ग्रामीण जीवन से संबंधित लेख भी शामिल हैं।
मध्यप्रदेश में लहसुन की उत्पादकता अन्य प्रदेशों की अपेक्षा बहुत कम है जिसका मुख्य कारण कृषकों द्वारा उन्नत किस्मों का प्रयोग ना करना है। यदि किसान भाई लहसुन की उन्नत किस्मों का चुनाव करें तो निश्चित रुप से उत्पादन को
(अतुल सक्सेना) एक समय था जब कहा जाता था कि उत्तम खेती, मध्यम व्यापार। परंतु वर्तमान में स्थितियां बदल चुकी है। अब किसान, नीतियों का सही क्रियान्वयन न होने के कारण बदहाल है। हालांकि विगत वर्षों में देश एवं प्रदेश
(विशेष प्रतिनिधि) भोपाल। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाने के लिये राज्य सरकार द्वारा भावान्तर भुगतान योजना लागू की जा रही है। योजना का उद्देश्य किसानों को कृषि उपज
विकास की बाजार केन्द्रित सोच ने प्राकृतिक संसाधनों के अनियंत्रित दोहन को बढ़ावा दिया है। आज भले ही देशवासियों की आमदनी बढ़ती दिख रही हो, लेकिन सकल घरेलू उत्पाद में गिरावट चिंता बढ़ाने वाला है। वैसे विकास की संविधान में
भोपाल। किसानों को आर्थिक सुरक्षा मुहैया कराने वाली प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना गत खरीफ-2016 से देश एवं प्रदेश में लागू की गई थी, परन्तु एक वर्ष से अधिक समय बीत जाने के बाद भी किसानों को पूरे राज्यों में लाभ
पाद गलन (कॉलर रॉट) – यह रोग प्रारंभिक अवस्था में होता है। अधिक तापमान एवं नमी इस रोग के लिए अनुकूल है। यह मृदा जनित रोग है। प्रबंधन – गर्मी में गहरी जुताई करें। बीज उपचार के लिए 2 ग्राम
इन्दौर। अदामा इंडिया लि. द्वारा बेहतर फसल संरक्षण के लिए फफूंदनाशक कस्टोडिया किसानों को उपलब्ध कराया जा रहा है। यह सभी फसलों के फफूंदजनित रोगों की रोकथाम के लिए एक रामबाण औषधि है। उक्त जानकारी अदामा इंडिया के जीएम श्री
हरी खाद उत्तरी भारत में हरी खाद के लिए ढैंचा सर्वाधिक लोकप्रिय एवं उत्तम दलहनी फसल है। यह फसल मिट्टी और जलवायु की विभिन्न परिस्थितियों के लिए अनुकूल है। इसे सूखा, जलभराव, लवणता आदि प्रतिकूल परिस्थितियों में भी उगाया जा
(विशेष प्रतिनिधि) एक राष्ट्र, एक कर, एक बाजार की आदर्श परिस्थिति के विपरीत वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) ने पूरे देश में फौरी तौर पर व्यापार जगत में, सेवा क्षेत्र में भ्रम की स्थिति निर्मित कर दी है। जीएसटी के
सोयाबीन की उन्नतशाील प्रजातियां एवं उनकी विशेषतायें क्र. जातियां पकने की अवधि एवं उपज विशेष गुण 1 जे.एस. 335 95 – 100 दिन 25-30 क्वि./हे. व्यापक क्षेत्र के लिए अनुकूल, श्रेष्ठ अंकुरण, अधिक उत्पादन क्षमता एवं बेक्टीरियल पश्च्यूल हेतु प्रतिरोधिता,