राज्य कृषि समाचार (State News)

परम्परागत कृषि विकास से होग शुद्ध खाद्य उत्पादन

05 अगस्त 2026, भोपाल (कृषक जगत): परम्परागत कृषि विकास से होग शुद्ध खाद्य उत्पादन – प्राकृतिक एवं जैविक पद्धति से अनाज,फल, सब्जीयों को मनुष्य के आहार में शामिल करने के साथ इनके उत्पादन करने बाले कृषकों को उचित दाम मिले। इन्हीं संभावनाओ को तलाशने के लिए जैविक एवं प्राकृतिक खेती में मिलकर काम करना होगा । यह बात संचालक कृषि श्री उमाशंकर भार्गव ने सम्बोधित कर कहीं।

किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग की परम्परागत कृषि विकास योजना के तहत कार्यशाला आयोजित की गई। इस योजना में प्रदेश के 33 जिलों को शामिल किया गया है। इन जिलों में निजी संस्थाएं (सर्विस प्रोवाइडर)विभाग के साथ गतिविधियां संचालित कर रही है। कार्यशाला में कृषि विभाग से प्रेजेंटेशन संयुक्त संचालक कृषि इंदौर श्री जितेंद्र कुमार सिंह,उप संचालक कृषि श्री विजय चौरसिया धार, श्री नगीन सिंह रावत नीमच,श्री शिव सिंह राजपूत खरगोन, श्री रविन्द्र मोदी मंदसौर, श्री आर एल जामरे शाजापुर, श्री सचिन जैन विदिशा , श्री नितेश कुमार यादव खंडवा,श्री केलाश मगर शहडोल,श्री अश्वनी झारिया मंडला, श्री रवि आम्रवंशी जबलपुर , श्री अनंत सडैया मुरैना , श्री मनोज रघुवंशी शिवपुरी,सहायक संचालक कृषि में श्री विशाल पाठक ग्वालियर, डॉ कुलदीप शर्मा उमरिया, श्री दीपक चौरसिया छिन्दवाड़ा, श्री विक्रम सिंह रावत बड़वानी, श्री वी के नायता राजगढ़ ने दिया।इस अवसर पर सीएट के संचालक श्री डी एल कोरी ,उप संचालक श्री हीरेन्द ओमकार, संचालनालय कृषि के संयुक्त संचालक श्री जितेंद्र सिंह परिहार, उप संचालक कृषि श्री संजीव शाक्य, सहायक संचालक श्री सतीश कुमार देशमुख एवं, संयुक्त संचालक कृषि उज्जैन श्री आर पी एस नायक, उप संचालक कृषि देवास श्री जी एस मोहनिया,आगर मालवा के श्री गोपेश पाठक , राजगढ़ के श्री पी एस करोरिया,पदोन्नत उप संचालक श्री शांतिलाल पवार, श्री संतोष मौर्य, श्री विलाश पाटील ,क्रिप्स के श्री सचिन दीक्षित सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

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