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राज्य कृषि समाचार (State News)

कृषकों के लिए लाभदायक है मोटे अनाज की उन्नत खेती  

09 फरवरी 2023, जबलपुर: कृषकों के लिए लाभदायक है मोटे अनाज की उन्नत खेती – खरपतवार अनुसंधान निदेशालय द्वारा कल बुधवार को अनुसूचित जाति उप योजना के अन्तर्गत अंतर्राष्ट्रीय मिलेट वर्ष 2023 के उपलक्ष्य में ”मोटे अनाज“ (श्री अन्न) की उन्नत खेती एवं महत्व विषय पर एक दिवसीय प्रशिक्षण एवं अन्तराफलक बैठक का आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि डॉ.जी.के. कोतू, संचालक अनुसंधान सेवाएं , ज.ने.कृ.वि.वि. जबलपुर थे , जबकि अध्यक्षता डॉ. जे.एस.मिश्र,निदेशक , खरपतवार अनुसंधान निदेशालय, जबलपुर ने की। इस कार्यक्रम में अनुसूचित जाति , अनुसूचित जन जाति के किसानों सहित 100 प्रतिभागियों ने भाग लिया।

डॉ.जे.एस.मिश्र ने बताया कि मोटे अनाज हमारे आहार के मुख्य घटक थे। परंतु हरित क्रांति के दौरान धान और गेहूं को अधिक महत्व दिया गया, जिसके परिणामस्वरूप मोटे अनाज हमारी ,खाद्य श्रृंखला से बाहर हो गये, परंतु आज पूरी दुनिया 2023 को अंतराष्ट्रीय मिलेट वर्ष के रूप में मना रही है जिससे कि किसान मिलेट खेती की ओर आकर्षित हो एवं उसके उत्पादन को बढ़ावा मिले। कृषकों के लिए मोटे अनाज की उन्नत खेती लाभदायक है। वहीं डॉ.जी.के.कोतू ,ने मोटे अनाज के उत्पादन एवं क्षेत्रफल को बढ़ाने के आह्वान के साथ ही इस सुपरफुड के उत्पादन से खेती को लाभ का व्यवसाय बनाने के लिए किसानों को प्रेरित किया।

बैठक में डॉ. एस.एस. शुक्ला, प्रोफेसर ज.ने.कृ.वि.वि. जबलपुर ने किसानों को मिलेट (श्री अन्न) के विभिन्न उत्पाद एवं उसके प्रसंस्करण पर जानकारी प्रदान की। संस्थान के डॉ. आर.पी.दुबे, द्वारा किसानों को मोटे अनाज के पोषण एवं उसमे खरपतवार प्रबंधन की जानकारी प्रदान की। कार्यक्रम समन्वयक डॉ. पी.के. सिंह ने इस कार्यक्रम की रूपरेखा एवं उद्देश्य से सभी को अवगत करा कर किसानों को मिलेट उत्पादन के लिए प्रेरित किया। इस आयोजन में इंजी . चेतन सी.आर का विशेष सहयोग रहा। कार्यक्रम का संचालन एवं धन्यवाद प्रस्ताव डॉ. योगिता घरडे द्वारा दिया गया।

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