राज्य कृषि समाचार (State News)

बीकानेर: पॉलीहाउस-शेडनेट में सब्जी खेती को बढ़ावा देने पर जोर, लंबित अनुदान भुगतान के निर्देश  

17 सितंबर 2026, बीकानेर: बीकानेर: पॉलीहाउस-शेडनेट में सब्जी खेती को बढ़ावा देने पर जोर, लंबित अनुदान भुगतान के निर्देश – राजस्थान के बीकानेर जिले में सहायक निदेशक कृषि (विस्तार) कार्यालय सभागार में मंगलवार को मासिक तकनीकी कार्यशाला का आयोजन किया गया। सहायक निदेशक (कृषि) मीनाक्षी शर्मा की अध्यक्षता में हुई कार्यशाला में कृषि और उद्यान विभाग के फील्ड फंक्शनरीज, सहायक कृषि अधिकारियों और कृषि पर्यवेक्षकों ने भाग लिया। इस दौरान उन्नत कृषि और उद्यानिकी तकनीकों पर चर्चा की गई।

संरक्षित खेती को बढ़ावा देने पर जोर

सहायक निदेशक (उद्यान) मुकेश गहलोत ने बताया कि बीकानेर जिले में उद्यानिकी की व्यापक संभावनाएं हैं। उन्होंने पॉलीहाउस और शेडनेट हाउस में सब्जियों की खेती को बढ़ावा देने के साथ बूंद-बूंद सिंचाई के माध्यम से सब्जियों के क्षेत्रफल विस्तार पर ध्यान देने की आवश्यकता बताई।

फव्वारा संयंत्र के लंबित भुगतान प्राथमिकता से करने के निर्देश

कार्यशाला में सूक्ष्म सिंचाई योजना के तहत फव्वारा संयंत्र स्थापना की लंबित पत्रावलियों का भुगतान प्राथमिकता से करने के निर्देश दिए गए। इससे किसानों को फव्वारा संयंत्र पर देय 24,260 रुपए की अनुदान राशि का भुगतान किया जा सकेगा। उद्यानिकी अधिकारी अनिरुद्ध विश्नोई ने फील्ड फंक्शनरीज को सूक्ष्म सिंचाई योजना के बारे में बिंदुवार जानकारी दी।

सामुदायिक जल स्रोत पर 18 लाख रुपए का अनुदान

राज्य आपदा न्यूनीकरण निधि के तहत तीन किसानों के समूह द्वारा सामुदायिक जल स्रोत के निर्माण पर उद्यान विभाग की ओर से 18 लाख रुपए का अनुदान दिया जा रहा है। इसके लिए पात्र किसानों से पत्रावलियां आमंत्रित की गई हैं। कृषि अधिकारी गिरिराज चारण और मीनाक्षी पंवार ने कृषि विभागीय योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। कार्यशाला में कृषि और उद्यान विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।

आपने उपरोक्त समाचार कृषक जगत वेबसाइट पर पढ़ा: हमसे जुड़ें
> नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़व्हाट्सएप्प
> कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें
> कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: E-Paper
> कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: Global Agriculture