राष्ट्रीय कृषि समाचार (National Agriculture News)

MP-राजस्थान में मानसून की रफ्तार धीमी: जगन्नाथ रथ यात्रा से पहले ओडिशा में अति भारी बारिश; यूपी-बिहार भी भीगेंगे बंगाल की खाड़ी में मजबूत लो प्रेशर का असर

16 जुलाई 2026, नई दिल्ली: MP-राजस्थान में मानसून की रफ्तार धीमी: जगन्नाथ रथ यात्रा से पहले ओडिशा में अति भारी बारिश; यूपी-बिहार भी भीगेंगे बंगाल की खाड़ी में मजबूत लो प्रेशर का असर – भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और उससे सटे उत्तरी ओडिशा-पश्चिम बंगाल तट पर बना स्पष्ट रूप से चिन्हित कम दबाव का क्षेत्र देश के मौसम को प्रभावित कर रहा है। इसके असर से अगले सात दिनों के दौरान पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत, पूर्वी उत्तर प्रदेश तथा पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में बारिश की गतिविधियां बढ़ेंगी और कई स्थानों पर भारी से अति भारी बारिश होने की संभावना है। वहीं, 16 जुलाई को ओडिशा के कुछ इलाकों में अति भारी बारिश का पूर्वानुमान है।

दूसरी ओर, पश्चिमी-मध्य और दक्षिणी प्रायद्वीपीय भारत में अगले सात दिनों तक तथा उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों में अगले तीन दिनों तक बारिश की गतिविधियां अपेक्षाकृत कम रहने की संभावना जताई गई है।

बंगाल की खाड़ी में मजबूत हुआ लो प्रेशर सिस्टम

IMD के मुताबिक, उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और उससे सटे उत्तरी ओडिशा-पश्चिम बंगाल तट पर बना कम दबाव का क्षेत्र अब स्पष्ट रूप से चिन्हित कम दबाव वाले क्षेत्र में बदल गया है। इसके अगले दो दिनों में उत्तर ओडिशा और गंगा के मैदानी पश्चिम बंगाल की ओर उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ने की संभावना है।

इसके अलावा मानसून ट्रफ का पश्चिमी सिरा सामान्य स्थिति से उत्तर की ओर बना हुआ है, जबकि पूर्वी सिरा सामान्य स्थिति के आसपास है। जम्मू-कश्मीर क्षेत्र में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है। हरियाणा, पूर्वी उत्तर प्रदेश-बिहार तथा दक्षिण-पश्चिम राजस्थान के ऊपर भी चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। वहीं, बंगाल की खाड़ी में बने इस सिस्टम से पूर्व-मध्य अरब सागर तक एक ट्रफ भी फैली हुई है। 19 जुलाई से उत्तर-पश्चिम भारत पर एक नए पश्चिमी विक्षोभ के असर की भी संभावना है।

उत्तर भारत: उत्तराखंड और यूपी में बारिश बढ़ेगी

उत्तर भारत में 16 से 22 जुलाई के बीच उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, पूर्वी उत्तर प्रदेश और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बारिश की गतिविधियां बढ़ेंगी। उत्तराखंड और पूर्वी उत्तर प्रदेश में कई स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है। पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में 20 जुलाई के बाद बारिश का दायरा बढ़ सकता है। कई इलाकों में गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाएं भी चल सकती हैं।

पूर्वी भारत: ओडिशा, बिहार और झारखंड में भारी बारिश का दौर

पूर्वी भारत में बंगाल की खाड़ी के सिस्टम का सबसे ज्यादा असर देखने को मिलेगा। ओडिशा में 16 जुलाई को कुछ स्थानों पर अति भारी बारिश की संभावना है। इसके अलावा बिहार, झारखंड, गंगा के मैदानी पश्चिम बंगाल और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल एवं सिक्किम में 16 से 22 जुलाई के दौरान व्यापक बारिश होने का अनुमान है। बिहार, झारखंड और ओडिशा के कई इलाकों में भारी बारिश के साथ तेज हवाएं और गरज-चमक भी हो सकती है।

मध्य भारत: MP में बारिश सीमित, छत्तीसगढ़ में तेज होगी गतिविधियां

मध्य प्रदेश में शुरुआती दिनों में कुछ स्थानों पर बारिश और गरज-चमक की संभावना है, लेकिन 17 जुलाई के बाद बारिश की गतिविधियां मुख्य रूप से पूर्वी मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ की ओर बढ़ेंगी। छत्तीसगढ़ में 16 जुलाई को कहीं-कहीं अति भारी बारिश की संभावना है, जबकि 17 से 21 जुलाई तक कई स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। विदर्भ में भी गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ वर्षा का अनुमान है।

राजस्थान समेत पश्चिम भारत में बारिश रहेगी कम

राजस्थान, गुजरात, मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा और सौराष्ट्र-कच्छ में अगले कुछ दिनों तक छिटपुट बारिश की संभावना है। हालांकि, पूर्वी और पश्चिमी राजस्थान में 20 से 22 जुलाई के दौरान कहीं-कहीं गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ बारिश हो सकती है। वहीं, कोंकण और गोवा में व्यापक बारिश जारी रहने का अनुमान है।

पूर्वोत्तर भारत में सात दिन तक सक्रिय रहेगा मानसून

अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में अगले सात दिनों तक व्यापक बारिश होने की संभावना है। कई स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की भी आशंका जताई गई है।

दक्षिण भारत में छिटपुट बारिश के आसार

केरल, कर्नाटक, तमिलनाडु, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, रायलसीमा और लक्षद्वीप में अगले सात दिनों के दौरान अधिकांश स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। कुछ इलाकों में तेज हवाएं, गरज-चमक और बिजली गिरने की संभावना भी है। तटीय आंध्र प्रदेश में 16 जुलाई को कहीं-कहीं भारी बारिश का अनुमान है।

दिल्ली-एनसीआर का मौसम

दिल्ली-एनसीआर में 16 और 17 जुलाई को आसमान आंशिक रूप से बादलों से ढका रहेगा तथा गर्मी और उमस बनी रहेगी। 17 जुलाई की दोपहर या शाम को गरज के साथ हल्की बारिश हो सकती है। 18 और 19 जुलाई को बादल अधिक रहेंगे तथा हल्की बारिश और तेज हवाओं के कारण तापमान में गिरावट आने की संभावना है। 19 जुलाई तक अधिकतम तापमान 34 से 40 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26 से 30 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है।

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