Ad DesktopAd TabletAd Mobile
राष्ट्रीय कृषि समाचार (National Agriculture News)

वाराणसी में जी20 मुख्य कृषि वैज्ञानिकों की बैठक

17 अप्रैल 2023, नई दिल्ली: वाराणसी में जी20 मुख्य कृषि वैज्ञानिकों की बैठक – उत्तरप्रदेश के वाराणसी में 17-19 अप्रैल को होने वाली जी20 बैठक में मिलेट और अन्य प्राचीन अनाज को शामिल किया जायेगा।

जी-20 देशों के मुख्य कृषि वैज्ञानिकों (एमएसीएस) की बैठक के बारे में डेयर के सचिव और भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के महानिदेशक डॉ. हिमांशु पाठक के अनुसार “ भारतीय कृषि अद्वितीयहै जो हमारी आधी से अधिक आबादी को आजीविका और आय प्रदान करती है।इसने ग्रीन, व्हाइट, ब्लू, येलो, गोल्डन, सिल्वर, ब्राउन, ग्रे और इंद्रधनुषी क्रांतियां हासिल कीं, जिसने भारतीय कृषि को बदल दिया। 1950 के बाद से खाद्य उत्पादन में 6 से 70 गुना की वृद्धि हुई है, जबकि खेती वाले क्षेत्र में केवल 1.3 गुना वृद्धि हुई है।

भारत की जी20 अध्यक्षता के मूल विषय “एक पृथ्वी, एक परिवार, एक भविष्य” के अनुरूप, कृषि मुख्य वैज्ञानिकों की बैठक खाद्य और पोषण सुरक्षा, जलवायु परिवर्तन के प्रति लचीलापन, एक स्वास्थ्य दृष्टिकोण, डिजिटल कृषि और अनुसंधान, शिक्षा और विस्तार के लिए सार्वजनिक-निजी भागीदारी पर चर्चा को आगे बढ़ाएगी।

Ad DesktopAd TabletAd Mobile
Ad DesktopAd TabletAd Mobile

भारत की अध्यक्षता में 12वीं कृषि मुख्य वैज्ञानिकों की बैठक में स्वस्थ लोगों और धरती के लिए सतत कृषि तथा खाद्य प्रणाली के विषय की पहचान की गई है। इस विषय में चार प्राथमिकता वाले क्षेत्र हैं जिन पर चर्चा केंद्रित होगी। ये क्षेत्र हैं, सबसे पहले खाद्य सुरक्षा और पोषण – विज्ञान और प्रौद्योगिकी में सीमाओं की भूमिका; दूसरा जलवायु अनुकूल कृषि और एक स्वास्थ्य के दृष्टिकोण के माध्यम से लचीलापन और टिकाऊ कृषि का निर्माण, तीसरा कृषि परिवर्तन के लिए डिजिटलीकरण और अंत में अनुसंधान और विकास के लिए सार्वजनिक-निजी भागीदारी।

कृषक जगत को व्हाट्सएप पर फॉलो करें
खेती-किसानी की ताज़ा खबरें, सीधे आपके फ़ोन पर
चैनल फॉलो करें

बैठक में मिलेट और अन्य प्राचीन अनाज अंतर्राष्ट्रीय अनुसंधान पहल शामिल होगी।

यह आयोजन कृषि के क्षेत्र में अनुसंधान, शिक्षा और विस्तार में सहयोग के नए अवसर प्रदान करेगा और अंतर्राष्ट्रीय आर्थिक सहयोग के लिए जी20 फोरम को मजबूत करेगा।

(नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़,  टेलीग्राम )