राज्य कृषि समाचार (State News)

मध्यप्रदेश के 5 जिलों में भारी वर्षा का येलो अलर्ट 

24 सितम्बर 2025, इंदौर: मध्यप्रदेश के 5 जिलों में भारी वर्षा का येलो अलर्ट – मौसम केंद्र, भोपाल से मिली जानकारी के अनुसार पिछले 24 घंटों के दौरान मध्यप्रदेश के भोपाल, उज्जैन , रीवा, जबलपुर, शहडोल, सागर संभागों के जिलों में कहीं -कहीं, इंदौर, नर्मदापुरम संभागों के जिलों में कुछ स्थानों पर  वर्षा दर्ज़ की गई एवं शेष सभी संभागों के जिलों में मौसम मुख्यतः शुष्क रहा।

वर्षा के प्रमुख आंकड़े ( मि मी में ) – नेपानगर 62.5, हरसूद 45.0, खकनार 40.3,  महेश्वर  25.0, खालवा 22.0, हरदा 19.1, रहटी 16.2, देवास 16.0, रहटगाँव 14.0, टिमरनी12.2, पानसेमल 10.6, कोतमा 8.0, पंधाना 8.0, खंडवा 8.0, इटारसी 6.4, सनावद 6.0, बुरहानपुर 5.4, सांवेर 5.1, करेली 5.0, बिजुरी 4.6,  खिरकिया  4.2,  पन्ना  3.0, लांजी 2.9, छतरपुर 2.2, बड़वाह 2.0, कसरावद 2.0, रावटी 2.0, जैतहरी 1.4, निवाली 1.2,   घोड़ाडोंगरी  1.0, गाडरवारा 1.0, सिंगरौली 1.0, बड़वानी 0.5, बैतूल 0.2 और  इंदौर में  0.2  मि मी वर्षा दर्ज़ की गई। 1 जून से 24 सितंबर तक दीर्घावधि औसत से मध्यप्रदेश में 20 % अधिक वर्षा हुई है। पूर्वी मप्र में औसत से 15  % अधिक तथा पश्चिमी मप्र में औसत से 24 % अधिक वर्षा हुई है।

मौसमी परिस्थितियां –  दक्षिण – पश्चिम  मानसून की वापसी आज दिनांक 24 सितंबर 2025 को उत्तर – पश्चिम मध्य प्रदेश  के कुछ भागों से हो गई है। यह वापसी  मुख्यतः  नीमच, श्योपुर, मुरैना तथा भिंड जिलों से दर्ज़ की गई है। आने वाले 2 से 3 दिनों में मध्यप्रदेश के कुछ और भागों से मानसून की वापसी होने की संभावना है।  दक्षिण – पश्चिम  मानसून आज पंजाब, हरियाणा , चंडीगढ़ और दिल्ली  के शेष हिस्सों ; गुजरात ,राजस्थान के कुछ और हिस्सों, मध्य प्रदेश ,उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू -कश्मीर के कुछ हिस्सों से वापस चला गया है। दक्षिण -पश्चिम मानसून की वापसी रेखा अब रामपुर बुशहर,  हरिद्वार ,मुरादाबाद, इटावा, बांसवाड़ा,  वल्लभ , विद्यानगर, वेरावल  से होकर गुज़र रही है। अगले 2-3 दिनों  के दौरान गुजरात,  राजस्थान , हिमाचल प्रदेश  और  जम्मू -कश्मीर  के शेष हिस्सों,  मध्य प्रदेश ,  उत्तर प्रदेश और  उत्तराखंड के कुछ  और हिस्सों से  दक्षिण -पश्चिम मानसून  की वापसी के लिए परिस्थितियां अनुकूल हैं।

एक निम्न दबाव क्षेत्र ,  उत्तरी ओडिशा और  उत्तर – पश्चिम  बंगाल की खाड़ी और गंगीय पश्चिम  बंगाल के आसपास के क्षेत्रों  पर बना है। इससे जुड़ा  चक्रवातीय परिसंचरण मध्य  समुद्र  तल से 7.6 किमी  ऊपर की ऊंचाई पर  सक्रिय  है और ऊँचाई के साथ  दक्षिण – पश्चिम  की ओर झुक रहा है। अगले 12 घंटों के दौरान इसके इसी क्षेत्र में बने रहने और कम  स्पष्ट  होने की संभावना है। 25 सितंबर  को बंगाल की खाड़ी के  उत्तरी  और उससे सटे मध्य भाग में  एक निम्न  दाब क्षेत्र बनने की संभावना है। मध्य महाराष्ट्र  और आसपास के  मध्य भागों पर ऊपरी हवा का  चक्रवातीय परिसंचरण मध्य  समुद्र तल से 1.5 किमी  और 4.5 किमी  की ऊंचाई के मध्य  सक्रिय है।

पूर्वानुमान – मौसम केंद्र ने शहडोल, सिंगरौली, सीधी, मऊगंज और  बालाघाट जिलों में कहीं -कहीं झंझावात / वज्रपात के साथ  भारी वर्षा का येलो अलर्ट जारी किया गया है। जबकि भोपाल, विदिशा , सीहोर, राजगढ़, झाबुआ, रतलाम,  उज्जैन , शाजापुर, आगर, मंदसौर, नीमच, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी,ग्वालियर,  दतिया , भिंड , मुरैना,  श्यो पुरकलां, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, मैहर और मैहर जिलों में कहीं -कहीं , रायसेन,  नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगोन , बड़वानी,  आलीराजपुर, धार, इंदौर, देवास, रीवा, सतना,उमरिया , कटनी, जबलपुर, नरसिंहपुर, पन्ना , दमोह और सागर जिलों में  कुछ स्थानों पर तथा सिंगरौली, सीधी, मऊगंज, अनुपपुर, शहडोल, डिंडोरी , छिंदवाड़ा , सिवनी , मंडला, बालाघाट और पांढुर्ना जिलों में अनेक स्थानों पर वर्षा होने या गरज -चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना जताई है। राज्य के कई जिलों में कहीं -कहीं झंझावात / वज्रपात का येलो अलर्ट जारी किया है।

आपने उपरोक्त समाचार कृषक जगत वेबसाइट पर पढ़ा: हमसे जुड़ें
> नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़व्हाट्सएप्प
> कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें
> कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: E-Paper
> कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: Global Agriculture

Advertisements