मध्यप्रदेश: फसलों की सुरक्षा के लिए मालवा में कृष्णमृग स्थानांतरण अभियान तेज, दो दिन में 280 वन्यजीव का रेस्क्यू
29 अक्टूबर 2026, भोपाल: मध्यप्रदेश: फसलों की सुरक्षा के लिए मालवा में कृष्णमृग स्थानांतरण अभियान तेज, दो दिन में 280 वन्यजीव का रेस्क्यू – मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर मालवा अंचल के शाजापुर–शुजालपुर क्षेत्र में कृष्णमृग (ब्लैकबक) कैप्चर एवं स्थानांतरण अभियान का द्वितीय चरण जारी है। अभियान के अंतर्गत ग्राम बाड़ीगांव में सोमवार को 169 तथा मंगलवार को 111 वन्यजीवों को सफलतापूर्वक रेस्क्यू किया गया। ग्राम बाड़ीगांव में दो दिनों में कुल 280 वन्यजीवों का रेस्क्यू किया गया है। इसके साथ ही अभियान में अब तक रेस्क्यू किए गए वन्यजीवों की कुल संख्या 1,275 हो गई है।
अभियान का मुख्य उद्देश्य मानव–वन्यप्राणी द्वंद्व एवं फसलों को होने वाली क्षति को कम करना, प्रभावित ग्रामीण समुदायों को राहत प्रदान करना तथा वन्यजीवों को सुरक्षित तरीके से उपयुक्त वन्य आवास में स्थानांतरित करना है। अभियान के द्वितीय चरण में कृष्णमृगों के स्थानांतरण का लक्ष्य 2,000 निर्धारित किया गया है।
अभियान में दक्षिण अफ्रीकी विशेषज्ञ संस्था कंजर्वेशन सॉल्यूशंस का तकनीकी सहयोग प्राप्त हो रहा है। पशु चिकित्सकों, वन अधिकारियों एवं मध्यप्रदेश के विभिन्न जिलों से आए प्रशिक्षित मैदानी कर्मचारियों की टीम निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुसार वन्यजीवों के सुरक्षित रेस्क्यू, हैंडलिंग एवं परिवहन का कार्य कर रही है। वन्यजीवों की सुरक्षा एवं कल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।
वन विभाग द्वारा जिला प्रशासन, जनप्रतिनिधियों एवं स्थानीय ग्रामीणों के सहयोग से अभियान संचालित किया जा रहा है। विभाग ने आमजन से अपील की है कि अभियान के दौरान टीम को आवश्यक सहयोग प्रदान करें तथा वन्यजीवों की सुरक्षा एवं अभियान के सुचारु संचालन में सहभागी बनें।
आपने उपरोक्त समाचार कृषक जगत वेबसाइट पर पढ़ा: हमसे जुड़ें
> नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़, व्हाट्सएप्प
> कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें
> कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: E-Paper
> कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: Global Agriculture


