राज्य कृषि समाचार (State News)

कृषक कल्याण वर्ष-2026 में इफको की दोहरी पहल

कृषि सम्मेलन में नैनो तकनीक का प्रदर्शन, ग्वालियर में कृषि अधिकारियों को आधुनिक पोषक प्रबंधन का प्रशिक्षण

17 जुलाई 2026, भोपालकृषक कल्याण वर्ष-2026 में इफको की दोहरी पहल – इफको ने मध्यप्रदेश में किसानों और कृषि अधिकारियों के बीच आधुनिक एवं टिकाऊ कृषि तकनीकों के प्रसार के लिए दो महत्वपूर्ण कार्यक्रम आयोजित किए। अशोकनगर जिले के बहादुरपुर में आयोजित कृषि सम्मेलन में इफको ने अपने नवाचार आधारित उत्पादों की प्रदर्शनी लगाई, वहीं ग्वालियर मेंकेवीके)में कृषि अधिकारियों के लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित कर संतुलित पोषक तत्व प्रबंधन एवं नैनो उर्वरकों के प्रभावी उपयोग पर विस्तार से जानकारी दी।

बहादुरपुर (विकासखंड मुंगावली, जिला अशोकनगर) स्थित कृषि उपज मंडी में आयोजित कृषि सम्मेलन में इफको के स्टॉल पर किसानों को नैनो यूरिया, डीएपी, सागरिका, जैव उर्वरक आदि के  संतुलित उपयोग, उनकी भूमिका की जानकारी दी गई।

सम्मेलन में केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने इफको स्टॉल का अवलोकन किया। उन्होंने ड्रोन आधारित कृषि तकनीक तथा कृषि में नवाचारों को बढ़ावा देने के लिए इफको के प्रयासों की सराहना की।

कृषि अधिकारियों को नैनो एवं समन्वित पोषक प्रबंधन का प्रशिक्षण

इसी क्रम में कृषि विज्ञान केंद्र, ग्वालियर में इफको द्वारा कृषि अधिकारियों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें लगभग 50 अधिकारियों ने भाग लिया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि संयुक्त संचालक कृषि आर. एस. शाक्यवार थे। इस अवसर पर उपसंचालक कृषि भानुप्रताप शर्मा, राज्य विपणन प्रबंधक (इफको) डॉ. डी. के. सोलंकी, कृषि विज्ञान केंद्र के प्रमुख एवं वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. एस. एस. कुशवाह तथा उप क्षेत्र प्रबंधक आर. के. महोलिया उपस्थित रहे।

प्रशिक्षण में मृदा स्वास्थ्य संरक्षण, संतुलित पोषक तत्व प्रबंधन तथा टिकाऊ कृषि पद्धतियों पर विशेष जोर दिया गया। डॉ. कुशवाह ने संतुलित उर्वरक  के महत्व पर प्रकाश डाला। वहीं डॉ. सोलंकी ने नैनो उर्वरकों, जैव उर्वरकों, आदि  की उपयोगिता बताते हुए कृषि अधिकारियों से इन तकनीकों को प्रदर्शन, प्रशिक्षण एवं किसान सभाओं के माध्यम से किसानों तक पहुँचाने का आग्रह किया।

उपसंचालक कृषि भानुप्रताप शर्मा ने फसल विविधीकरण तथा दलहनी एवं तिलहनी फसलों को फसल चक्र में शामिल करने की आवश्यकता बताई। मुख्य अतिथि आर. एस. शाक्यवार ने कृषि विभाग की योजनाओं में इफको के नैनो एवं जैव उर्वरकों के अधिकाधिक उपयोग पर बल देते हुए अधिकारियों से इन आधुनिक तकनीकों का व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करने का आह्वान किया।

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