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राज्य कृषि समाचार (State News)

बलराम कृषि महोत्सव: सीएम मोहन यादव बोले- बड़वानी की लाल मिर्च को दिलाएंगे GI टैग, किसानों को मिलेगा बड़ा लाभ

22 जुलाई 2026, भोपाल: बलराम कृषि महोत्सव: सीएम मोहन यादव बोले- बड़वानी की लाल मिर्च को दिलाएंगे GI टैग, किसानों को मिलेगा बड़ा लाभ – मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि बड़वानी जिला कृषि, नवाचार और उद्यमिता का नया मॉडल बन रहा है। यहां के किसान आधुनिक तकनीक अपनाकर खेती में नए कीर्तिमान स्थापित कर रहे हैं। सरकार बड़वानी की प्रसिद्ध लाल मिर्च को जीआई (GI) टैग दिलाने के लिए प्रयास कर रही है। इससे जिले की मिर्च को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिलेगी और किसानों को बेहतर दाम मिलेंगे। मुख्यमंत्री मंगलवार को विधानसभा स्थित मुख्यमंत्री कक्ष से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बड़वानी में आयोजित बलराम कृषि महोत्सव को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने किसानों, विशेषकर युवाओं से आधुनिक खेती, एग्री-स्टार्टअप और नई तकनीकों को अपनाने की अपील करते हुए कहा कि सरकार हर कदम पर किसानों के साथ खड़ी है।

बड़वानी की लाल मिर्च को मिलेगी नई पहचान

मुख्यमंत्री ने कहा कि बड़वानी के मिर्च उत्पादक किसान वैज्ञानिक खेती, आधुनिक ग्रेडिंग और उन्नत पैकेजिंग अपना रहे हैं, जिससे यहां की लाल मिर्च की मांग लगातार बढ़ रही है। सरकार इसे जीआई टैग दिलाने के लिए प्रयासरत है। इससे बड़वानी की लाल मिर्च वैश्विक ब्रांड के रूप में पहचान बनाएगी और किसानों की आय में बढ़ोतरी होगी।

सिंचाई परियोजनाओं और बीज उत्पादन पर सरकार का फोकस

मुख्यमंत्री ने कहा कि बड़वानी में करीब 5 हजार करोड़ रुपये की लागत से सिंचाई परियोजनाओं पर तेजी से काम चल रहा है। इनके पूरा होने पर 319 गांवों की 1.21 लाख हेक्टेयर से अधिक कृषि भूमि सिंचित होगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में खाद और बीज की कोई कमी नहीं है। किसानों को गुणवत्तापूर्ण बीज उपलब्ध कराने के लिए बड़वानी में 50 एकड़ क्षेत्र में आदर्श बीज उत्पादन केंद्र स्थापित किया जा रहा है। साथ ही खेतिया कृषि उपज मंडी को आदर्श मंडी के रूप में विकसित किया जाएगा।

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कपास और केले के किसानों को मिलेगा बड़ा फायदा

मुख्यमंत्री ने कहा कि बड़वानी के किसान आधुनिक तकनीक से कपास की खेती कर रहे हैं। धार जिले में बन रहा पीएम मित्रा पार्क कपास उत्पादकों के लिए बड़ा अवसर साबित होगा। इससे किसानों को बेहतर बाजार और अच्छे दाम मिलेंगे। वहीं, ड्रिप सिंचाई और टिश्यू कल्चर तकनीक से तैयार बड़वानी का केला पहले ही खाड़ी देशों के बाजार तक पहुंच चुका है। राजपुर के घटवा में विकसित हो रहे मेगा फूड प्रोसेसिंग क्लस्टर से केला उत्पादकों को प्रोसेसिंग, कोल्ड स्टोरेज और बेहतर मार्केटिंग की सुविधा मिलेगी।

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किसानों के लिए कई बड़ी घोषणाएं

मुख्यमंत्री ने कहा कि अब किसानों को पूरे साल के लिए एक ही फसल ऋण मिलेगा और उसे चुकाने के लिए 12 महीने का समय दिया जाएगा। विकास कार्यों के लिए कृषि भूमि अधिग्रहण होने पर किसानों को बाजार मूल्य से चार गुना अधिक मुआवजा मिलेगा। उन्होंने बताया कि प्रदेश के 7 लाख से अधिक सोयाबीन किसानों के खातों में 1,475 करोड़ रुपये की अंतर राशि भेजी जा चुकी है। सरसों और धान को भावांतर भुगतान योजना में शामिल किया गया है, जबकि धान उत्पादकों को 4 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर की अतिरिक्त सहायता दी जा रही है। साथ ही किसानों को प्रतिदिन 10 घंटे निर्बाध बिजली, डेयरी के लिए 42 लाख रुपये तक का ऋण और 33% सब्सिडी तथा खाद वितरण में पारदर्शिता के लिए ई-विकास प्रणाली लागू की गई है।

आधुनिक खेती अपनाने की अपील

मुख्यमंत्री ने किसानों से बलराम कृषि महोत्सव में अधिक से अधिक भाग लेने और आधुनिक तकनीक, कृषि विशेषज्ञों की सलाह तथा सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने की अपील की। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों की आय बढ़ाने, कृषि को लाभकारी बनाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए लगातार काम कर रही है।

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