तिल का अच्छा उत्पादन पाने के उपाय
09 जुलाई 2024, भोपाल: तिल का अच्छा उत्पादन पाने के उपाय – तिल की उन्नत किस्में – उप संचालक कृषि श्री रवि आम्रवंशी ने बताया कि तिल एक प्रमुख तिलहनी फसल है। उन्होंने तिल के बीजों की उन्नत किस्मों की
फसल की खेती (Crop Cultivation) से जुड़ी संपूर्ण जानकारी प्राप्त करें। गेहूं, धान, सोयाबीन, मक्का, चना, सरसों, कपास, दालों और तिलहनी फसलों की उन्नत खेती, बुवाई, सिंचाई, पोषण प्रबंधन, रोग एवं कीट नियंत्रण के विशेषज्ञ सुझाव पढ़ें।
09 जुलाई 2024, भोपाल: तिल का अच्छा उत्पादन पाने के उपाय – तिल की उन्नत किस्में – उप संचालक कृषि श्री रवि आम्रवंशी ने बताया कि तिल एक प्रमुख तिलहनी फसल है। उन्होंने तिल के बीजों की उन्नत किस्मों की
लेखक- अन्नूरानी, सहायक प्रोफेसर, तीर्थंकर महावीर विश्वविद्यालय, मुरादाबाद 09 जुलाई 2024, भोपाल: हाइड्रोपोनिक खेती का भविष्य – हाइड्रोपोनिक खेती, जिसे मृदा रहित खेती भी कहा जाता है, एक ऐसी नवीनतम कृषि पद्धति है जिसमें पौधों को मिट्टी के बिना ही
लेखक- लवेश कुमार चौरसिया, उद्यानिकी वैज्ञानिक, कृषि विज्ञान केंद्र गोविंदनगर, नर्मदापुरम 09 जुलाई 2024, भोपाल: कद्दूवर्गीय सब्जियों की उन्नत खेती – कद्दूवर्गीय सब्जियाँ वर्षा तथा गर्मी के मौसम की महत्वपूर्ण फसलें हैं। पोषण की दृष्टि से भी ये बहुत ही
लेखक- अभिषेक कुमार, डॉ. दयानंद, डॉ. रशीद खान, डॉ. प्रदीप कुमार, कृषि विज्ञान केंद्र, आबूसर, झूंझुनू08 जुलाई 2024, भोपाल: मूंग उत्पादन तकनीक – बीज दर व बीज उपचार – खरीफ में कतार विधि से बुआई हेतु मूंग 20 कि.ग्रा./हे. पर्याप्त
06 जुलाई 2024, भोपाल: मध्यप्रदेश सरकार की डिजिटल प्रौद्योगिकी और कृषि तकनीकी पहल – खेती-बाड़ी का क्षेत्र सदियों से मानव जीवन का आधार रहा है। परंतु बदलते समय के साथ, कृषि भी तकनीकी बदलावों से अछूती नहीं रही है। इंटरनेट ऑफ
06 जुलाई 2024, भोपाल: स्मार्ट कृषि में इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT): भविष्य की खेती का नया चेहरा – खेती-बाड़ी का क्षेत्र सदियों से मानव जीवन का आधार रहा है। परंतु बदलते समय के साथ, कृषि भी तकनीकी बदलावों से अछूती नहीं रही
03 जुलाई 2024, अजमेर: बीजोपचार से दलहनी फसलों का उत्पादन होगा दोगुना – बीजोपचार के माध्यम से दलहनी फसलों का उत्पादन बढ़ाया जा सकता है। अजमेर क्षेत्र में खरीफ में उगाई जाने वाली प्रमुख दलहनी फसलें मूंग, मोठ, उड़द एवं चवला हैं। ये
लेखक- डॉ. संदीप शर्मा 02 जुलाई 2024, खरगोन: जैव पौष्टिकीकृत खाद्य फसलों से निदान – कुपोषण कबायो फोर्टिफिकेशन क्या है बायो फोर्टिफिकेशन शब्द दो शब्दों यथा ‘बायो’ (ग्रीक शब्द) और लैटिन शब्द ‘फोर्टिफेयर’ से मिलकर बना है। बायो का अर्थ
लेखक – अरुण साहू, डॉ. हिरदेश कुमार कृषि विद्या. विक्रांत विश्वविद्यालय, ग्वालियरडॉ. जे. पी. ठाकुर द्य पीयूष आनंद स्कूल ऑफ एग्रीकल्चर साइंस विक्रांत यूनिवर्सिटी, ग्वालियर 02 जुलाई 2024, भोपाल: स्पिरुलिना: भविष्य का भोजन – स्पिरुलिना खेती का व्यवसाय मॉडल: स्पिरुलिना
लेखक- डॉ. राजेश कुमार, कृषि विज्ञान केन्द्र, मुरादाबाद वैशाली वर्मा, सी एस आजाद यूनिवर्सिटी ऑफ एग्रीकल्चर एंड टेक्नोलॉजी, कानपुर 02 जुलाई 2024, भोपाल: प्राकृतिक खेती के विभिन्न घटक – बीजामृत: बीजामृत एक प्राचीन, टिकाऊ कृषि तकनीक है। इसका उपयोग बीज,