फसल की खेती (Crop Cultivation)राज्य कृषि समाचार (State News)

सोयाबीन में दवा छिड़कने से पहले जान लें ये जरूरी बातें, ICAR-NSRI ने जारी की एडवाइजरी

08 अगस्त 2026, नई दिल्ली: सोयाबीन में दवा छिड़कने से पहले जान लें ये जरूरी बातें, ICAR-NSRI ने जारी की एडवाइजरी – सोयाबीन की फसल में कीट, रोग और खरपतवार नियंत्रण के लिए दवाओं का इस्तेमाल करते समय किसानों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। राष्ट्रीय सोयाबीन अनुसंधान संस्थान (ICAR-NSRI), इंदौर ने किसानों के लिए सामान्य सलाह जारी करते हुए फसल की नियमित निगरानी से लेकर सही मात्रा में दवा के इस्तेमाल, उचित नोजल और कृषि आदान खरीदते समय पक्का बिल लेने तक कई जरूरी बातें बताई हैं।

फसल की नियमित निगरानी करें

ICAR-NSRI ने किसानों को सलाह दी है कि वे नियमित अंतराल पर खेत में जाकर फसल की स्थिति की जांच करें। खेत के 3-4 अलग-अलग स्थानों के पौधों को हिलाकर देखें कि किसी इल्ली, कीट या अन्य कीट का प्रकोप तो नहीं है। यदि कीट दिखाई देता है तो उसकी अवस्था की पहचान कर उसी के अनुसार नियंत्रण उपाय अपनाएं।

बीज उत्पादन वाले खेत में हटाएं अलग पौधे

बीज उत्पादन वाले खेतों में बीज की शुद्धता बनाए रखने के लिए किसानों को दूसरी किस्म के पौधों को खेत से हटाने की सलाह दी गई है। इसके लिए पौधों के फूलों के रंग और पौधे, पत्तियों, तने या फलियों पर मौजूद रोयें के आधार पर अलग किस्म के पौधों की पहचान की जा सकती है।

‘T’ आकार के बर्ड पर्च लगाएं

सोयाबीन की फसल में कीट नियंत्रण के लिए खेत के अलग-अलग स्थानों पर ‘T’ आकार के बर्ड पर्च लगाने की सलाह दी गई है। इन पर कीटभक्षी पक्षी बैठते हैं और पत्तियां खाने वाली इल्लियों का भक्षण करते हैं। इससे फसल में इल्लियों की संख्या कम करने में मदद मिल सकती है।

दवाओं की अनुशंसित मात्रा का ही करें इस्तेमाल

किसानों को सोयाबीन की फसल में पौध संरक्षण के लिए इस्तेमाल होने वाले खरपतवारनाशक, कीटनाशक और फफूंदनाशक का प्रयोग केवल अनुशंसित मात्रा में करने की सलाह दी गई है। छिड़काव के दौरान पर्याप्त पानी का इस्तेमाल भी जरूरी है। नैपसैक/ट्रैक्टर चालित स्प्रेयर से 450-500 लीटर पानी प्रति हेक्टेयर और पावर स्प्रेयर से 120-150 लीटर पानी प्रति हेक्टेयर की मात्रा का इस्तेमाल करने की सलाह दी गई है।

कीटनाशक और खरपतवारनाशक के लिए अलग नोजल

ICAR-NSRI ने छिड़काव के लिए सही नोजल का इस्तेमाल करने पर भी जोर दिया है। कीटनाशक के छिड़काव के लिए Hollow Cone Nozzle तथा खड़ी सोयाबीन फसल में खरपतवारनाशक के लिए Flood Jet या Flat Fan Nozzle का उपयोग करने की सलाह दी गई है।

कृषि आदान खरीदते समय पक्का बिल लें

किसानों को किसी भी कृषि आदान की खरीदारी करते समय दुकानदार से पक्का बिल लेने की सलाह दी गई है। बिल पर उत्पाद का बैच नंबर और एक्सपायरी डेट स्पष्ट रूप से दर्ज होनी चाहिए।

बिना मंजूरी वाले रसायनों का इस्तेमाल न करे

संस्थान ने किसानों को ऐसे कीटनाशक, खरपतवारनाशक या फफूंदनाशक का इस्तेमाल नहीं करने की सलाह दी है, जिनका सोयाबीन में उपयोग भारत सरकार के केंद्रीय कीटनाशक बोर्ड (Central Insecticide Board) द्वारा अनुमोदित या लेबल क्लेम के तहत नहीं है।

बिना वैज्ञानिक अनुशंसा के रसायन न मिलाएं

किसानों को ऐसे कीटनाशक, खरपतवारनाशक या फफूंदनाशक के मिश्रण का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए, जिनके संयुक्त उपयोग की ICAR-NSRI द्वारा वैज्ञानिक अनुशंसा या परीक्षण नहीं किया गया है। बिना परीक्षण के रसायनों को मिलाकर छिड़काव करने से फसल को नुकसान हो सकता है।

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