14 प्रमुख फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य में बढ़ोतरी का ऐलान
18 मई 2026, नई दिल्ली: 14 प्रमुख फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य में बढ़ोतरी का ऐलान – देश में खरीफ सीजन चल रहा है और किसान भाई इस सीजन की फसलों की बुवाई करने में व्यस्त है और इसी बीच केंन्द्र सरकार ने खरीफ किसानों को बड़ी राहत की खबर देते हुए.14 प्रमुख फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) में बढ़ोतरी का ऐलान किया है. इस फैसले के जरिए सरकार ने साफ संकेत दिया है कि अब खेती की दिशा सिर्फ धान और गेहूं तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि तिलहन, दलहन और मोटे अनाजों को बढ़ावा दिया जाएगा, जिससे किसानों की आमदनी में भी इजाफा होगा.
केंद्र सरकार ने सामान्य धान का MSP 2369 रुपये से बढ़ाकर 2441 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया है. वहीं ग्रेड-ए धान का MSP 2389 रुपये से बढ़ाकर 2461 रुपये प्रति क्विंटल तय किया गया है. यानी की इस बार धान में 72 रुपये की बढ़ोतरी की है. इस बढ़ोतरी से किसानों को काफी हद तक मदद मिलेगी. सरकार के इस बढ़ोतरी से उनकी इनकम में इजाफा होगा और आर्थिक स्थिति में भी सुधार आएगा
केंद्र सरकार ने इस बार MSP नीति में सबसे बड़ा फोकस तिलहन फसलों पर किया है, जिनमें सूरजमुखी बीज के MSP में 622 रुपये प्रति क्विंटल की रिकॉर्ड बढ़ोतरी की गई है. इसके अलावा तिल में 500 रुपये, नाइजरसीड में 515 रुपये और सोयाबीन में 380 रुपये का इजाफा किया गया है, क्योंकि सरकार का यह मानना है कि भारत हर साल खाद्य तेलों के आयात पर भारी रकम खर्च करता है. ऐसे में अगर तिलहन फसलों की पैदावार अधिक होती है, तो विदेशी मुद्रा की बचत होगी.
दलहन किसानों को इस बार बड़ी राहत मिली है. सरकार ने अरहर का MSP 8000 रुपये से बढ़ाकर 8450 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया गया है. उड़द का MSP 7800 रुपये से बढ़ाकर 8200 रुपये और मूंग का MSP 8768 रुपये से बढ़ाकर 8780 रुपये तय किया गया है. इस बढ़ोतरी से किसानों को बाजरों में अच्छे दाम मिलेंगे और इससे देश में दालों की उपलब्धता बढ़ेगी और कीमतों पर भी नियंत्रण रहेगा. सरकार ने बाजरा, ज्वार और रागी जैसे मोटे अनाजों के MSP में भी अच्छी बढ़ोतरी की है. ज्वार (हाइब्रिड) के MSP में 324 रुपये, रागी में 319 रुपये और बाजरा में 125 रुपये की वृद्धि की गई है, क्योंकि ये कम पानी में भी अच्छी पैदावार देते हैं और जलवायु परिवर्तन के दौर में टिकाऊ खेती का बेहतर विकल्प माने जा रहे हैं.
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