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राज्य कृषि समाचार (State News)सरकारी योजनाएं (Government Schemes)

किसानों को फसल खराबे के नुकसान की भरपाई के लिए सरकार कटिबद्धः राजस्थान कृषि मंत्री श्री मीणा

03 फरवरी 2024, जयपुर: किसानों को फसल खराबे के नुकसान की भरपाई के लिए सरकार कटिबद्धः राजस्थान कृषि मंत्री श्री मीणा – कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने शुक्रवार को पंत कृषि भवन में किसानों को प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की पॉलिसियों का वितरण कर रबी 2023-24 की ‘मेरी पॉलिसी मेरे हाथ’ अभियान के राज्य स्तरीय कार्यक्रम का शुभारम्भ किया।

कृषि मंत्री ने कहा कि कृषकों को समय पर बीमा पॉलिसी की हार्ड कॉपी नही मिलने से खराबा होने पर फसल की जानकारी एवम किसानों को बीमा के प्रति जागरुक करने के लिए पूरे प्रदेश में ग्राम पंचायत मुख्यालय पर शिविर लगाकर पॉलिसियों का वितरण 2 फरवरी से 29 फरवरी तक किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जो किसान इन शिविरों में पॉलिसी प्राप्त करने से वंचित रह जाते हैं, वे अपनी फसल बीमा पॉलिसी संबंधित कृषि पर्यवेक्षक से प्राप्त कर सकेंगे।

डॉ. मीणा ने कहा कि किसानों को ओलावृष्टि, चक्रवात और चक्रवाती वर्षा जैसी प्राकृतिक आपदाओं से नुकसान झेलना पड़ता है। इन आपदाओं से कृषकों को राहत प्रदान करने के लिये केन्द्र सरकार द्वारा चलाई जा रही प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना वरदान साबित हो रही है। केन्द्र व राज्य सरकार द्वारा निरन्तर प्रचार-प्रसार और किसानों को समय पर बीमा क्लेम का भुगतान मिल जाने से इस योजना की लोकप्रियता बढ़ती जा रही है। उन्होंने कहा कि किसानो को इन विकट परिस्थितियों में नुकसान होने पर सरकार द्वारा सहायता मिलने से आर्थिक मजबूती मिलती है, जिससे वे अपने परिवार का पालन पोषण अच्छी तरह से कर पाते हैं। पॉलिसी वितरण के दौरान किसान पाठशाला के माध्यम से योजनाओं का प्रचार-प्रसार सभी ग्राम पंचायतों में किया जाएगा। बीमा कंपनियों द्वारा राज्य के सभी ग्राम पंचायत स्तर पर शिविरों का आयोजन कर लगभग 27.84 लाख कृषकों को लगभग 1.59 करोड़ पॉलिसियों का वितरण किया जाएगा।

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उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत कृषकों को खरीफ फसल के लिए 2 प्रतिशत, रबी फसलों के लिए 1.5 प्रतिशत और वाणिज्यिक व बागवानी फसलों के लिये 5 प्रतिशत प्रीमियम अदा करना पड़ता है। फसल बीमा सभी श्रेणी के कृषकों के लिए खरीफ 2022 से स्वैच्छिक है, लेकिन ऋणी कृषकों को योजना से पृथक होने के लिए योजना से जुड़ने के अन्तिम तिथि से सात दिन पूर्व लिखित में आवेदन किया जाना आवश्यक है।

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100 दिवसीय कार्ययोजना

कृषि मंत्री ने 100 दिवसीय कार्ययोजना की प्रगति की भी समीक्षा की। उन्होंने कहा कि 100 दिवसीय कार्ययोजना का उद्देश्य प्रदेश के सभी किसानों को कृषि योजनाओं का लाभ पहुँचाना सुनिश्चित हो। इस कार्ययोजना में शामिल कार्यों पर गम्भीरता से बिना देरी किए काम करें। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए की 100 दिवसीय कार्ययोजना के तहत निधारित लक्ष्यों को शत प्रतिशत पूरा करें। इस दौरान कृषि मंत्री ने कहा कि बीज उत्पादन अधिक से अधिक राज्य स्तर पर ही किया जाये।

डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने कृषि योजनाओं के प्रचार-प्रसार को धरातलीय रूप देने के लिए कृषि विभाग द्वारा ‘कृषि आपके द्वार‘ अभियान पूरे राज्य भर में चलाये जाने के निर्देश दिये, जिससे योजनाओं की जानकारी ग्रामीण स्तर तक प्रत्येक किसान को पहुंचाई जा सकेगी।

बैठक में प्रमुख शासन सचिव श्री वैभव गालरिया, आयुक्त कृषि श्री कन्हैया लाल स्वामी, आयुक्त उद्यानिकी श्री लक्ष्मण सिंह कुड़ी, प्रबंध निदेशक आरएसएससी श्री जसवंत सिंह, संयुक्त सचिव कृषि श्री कैलाश नारायण मीणा, विभागीय अधिकारी और कृषक उपस्थित रहे।

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