ई-टोकन व्यवस्था पर खाद विक्रेताओं की नाराजगी
सचिव कृषि ने दिया लाइसेंस बहाली का आश्वासन
18 अप्रैल 2026, भोपाल: ई-टोकन व्यवस्था पर खाद विक्रेताओं की नाराजगी – मध्य प्रदेश कृषि आदान विक्रेता संघ के प्रतिनिधिमंडल ने प्रदेश अध्यक्ष मानसिंह राजपूत के नेतृत्व में कृषि सचिव निशांत वरवड़े से भोपाल में मुलाकात कर ई-टोकन प्रणाली से जुड़ी समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि प्रदेश के विभिन्न जिलों में पिछले 15 दिनों के दौरान लगभग एक हजार से अधिक खाद विक्रेताओं के लाइसेंस ई-टोकन प्रणाली के स्थान पर पीओएस मशीन से विक्रय करने के कारण निलंबित अथवा निरस्त किए गए हैं।
संघ ने इन कार्रवाइयों को अनुचित बताते हुए सभी लाइसेंस तत्काल बहाल करने की मांग की। इस पर निशांत वरवड़े ने आश्वासन दिया कि जिला स्तर के अधिकारियों को निर्देश जारी किए जाएंगे तथा आगामी चार दिनों में निलंबित या निरस्त लाइसेंसों की समीक्षा कर बहाली की जाएगी।प्रतिनिधिमंडल ने ई-टोकन प्रणाली से किसानों में बढ़ते असंतोष तथा खाद वितरण में आ रही कठिनाइयों की ओर भी ध्यान आकर्षित किया। संघ ने कहा कि यदि व्यवस्था में त्वरित सुधार नहीं हुआ तो प्रदेश में व्यापक विरोध की स्थिति बन सकती है।
चर्चा के दौरान निशांत वरवड़े ने कहा कि यह प्रणाली भविष्य में देशभर में लागू होने वाली है, इसलिए व्यापारियों को इसे अपनाने की तैयारी करनी चाहिए। साथ ही बाहरी क्षेत्रों से अवैध रूप से खाद लाकर विक्रय करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी गई।
बैठक में यह भी आश्वासन दिया गया कि आनुपातिक वितरण व्यवस्था समाप्त करने, टैगिंग शिकायतों के निराकरण हेतु कलेक्टरों को अधिकार देने, ई-टोकन को सीधे पीओएस मशीन से लिंक करने, सभी फसलों को ड्रॉपडाउन सूची में शामिल करने तथा सीमावर्ती जिलों के किसानों को निकटवर्ती जिले के विक्रेताओं से मैप करने जैसे सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे।
बैठक में प्रदेश सचिव संजय रघुवंशी, प्रदीप खंडेलवाल, राजेश मलैया, विजय जैन, संदीप गोठी, संजय पाल, विजय बंसल, हेमंत चौहान एवं पुनीत समैया सहित अनेक पदाधिकारी उपस्थित रहे।
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