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राष्ट्रीय कृषि समाचार (National Agriculture News)

कृषि मैकेनाइजेशन 10 साल में दोगुना करने का लक्ष्य

टीएमएवार्षिक बैठक में केंद्रीय कृषि मंत्री श्री तोमर

21 दिसंबर 2020, नई दिल्ली l केंद्रीय कृषि मंत्री श्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा है कि कृषि क्षेत्र के विकास की दृष्टि से देश में प्रति हेक्टेयर मैकेनाइजेशन 10 साल में दोगुना करने का लक्ष्य है। सरकार का जोर किसानों के खेत तक महंगे व बड़े एडवांस्ड कृषि यंत्र उपलब्ध कराने पर है। उन्होंने एसोसिएशन के सदस्यों से छोटे रकबे वाले किसानों को छोटी उपयोगी मशीनें उपलब्ध कराने का आग्रह किया, ताकि इन 86 प्रतिशत किसानों को आसानी हो और वे उन्नत बनें तथा उनकी आय बढ़ सकें।

श्री तोमर ने यह बात ट्रैक्टर एंड मैकेनाइजेशन एसोसिएशन की वार्षिक साधारण सभा की बैठक में कही।आपने कहा कि फार्म मशीनीकरण की लगभग 95% मशीनें हमारे देश में ही बनाई जा रही है। इसके लिए उन्होंने सभी उद्यमियों को बधाई दी। श्री तोमर ने उम्मीद जताई कि निर्यात बढ़ेगा, दो-तीन सालमें स्थिति काफी बेहतर होगी और आत्मनिर्भर भारत, फार्म मैकेनाइजेशन में एक वास्तविकता बन जाएगा। उन्होंने बताया कि सब मिशन आन एग्रीकल्चरल मैकेनाइजेशन की योजना सभी राज्यों में लागू की गई है, ताकि वे कृषि मशीनीकरण के उपयोग को बढ़ावा दे सकें और कृषि शक्ति के अनुपात को बढ़ाया जा सके। छोटे व सीमांत किसानों तक कृषि यंत्रीकरण की पहुंच बढ़ाना उद्देश्य है, वहीं अर्थव्यवस्था सुधारने के लिए कस्टम हायरिंग सेंटर को बढ़ावा देना, हाईटेक और उच्च मूल्य वाले कृषि उपकरणों के लिए हब बनाने, हितधारकों के बीच जागरूकता पैदा करना व क्षमता निर्माण आदि के प्रयास किए जा रहे हैं। फार्म मशीनीकरण आरकेवीवाई, एमआईडीएच, एनएमओओपी व एसएमएएम जैसे मिशन/योजनाओं के माध्यम से भी लागू किया जा रहा हैं।

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श्री तोमर ने बताया कि पराली जलाने से रोकने हेतु फसल अवशेष प्रबंधन योजना केंद्रीय कृषि मंत्रालय द्वारा वर्ष 2018 से शुरू की गई थी, जिसमें किसानों को मशीनरी दी जाती है।कस्टम हायरिंग सेंटर के माध्यम से किसानों को मशीनरी की खरीद के लिए सब्सिडी भी प्रदान की जाती है। पंजाब, हरियाणा, यूपी व दिल्ली को वर्ष 2018-19 और 2019-20 में 1,178.47 करोड़ रू. सब्सिडी दी गई है। वर्ष 2020-21 में योजना के लिए बजट में 600 करोड़ रू. रखे गए थे, जिसमें से 548.20 करोड़ रू. राज्यों को समय से पहले जारी कर दिए गए, ताकि उपाय सुनिश्चित किए जा सकें।फार्म मशीनीकरण कृषि क्षेत्र का अहम हिस्सा है और इस दिशा में पूरी तरह आत्मनिर्भरता होने के लिए उद्यमियों को हर तरह से जुटना चाहिए। कार्यक्रम में एसो.के अध्यक्ष श्री टी.आर. केसवन, श्री हेमंत सिक्कावअन्य पदाधिकारी मौजूद थे

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Photo credit: CIMMYT on Visualhunt / CC BY-NC