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फसल की खेती (Crop Cultivation)

मिलावटी सब्जियों से चाहते हैं छुटकारा? घर की छत या बालकनी में उगाएं लौकी, बस अपनाएं ये 5 आसान स्टेप्स

03 नवंबर 2025, नई दिल्ली: मिलावटी सब्जियों से चाहते हैं छुटकारा? घर की छत या बालकनी में उगाएं लौकी, बस अपनाएं ये 5 आसान स्टेप्स – बाजारों में मिलावट और रासायनिक दवाओं से पकी सब्ज़ियों का चलन बढ़ता जा रहा है, जिससे हमारी सेहत पर असर पड़ता है। ऐसे में लोग अब ऑर्गेनिक और घर पर उगाई गई सब्जियों की ओर बढ़ रहे हैं। घर पर उगाई गई लौकी न केवल शुद्ध और पौष्टिक होती है, बल्कि इसे खाने से सेहत को भी कई लाभ मिलते हैं।

यदि आप भी अपने घर में ताजी और हेल्दी लौकी उगाना चाहते हैं, तो इसे करना बिल्कुल मुश्किल नहीं है। बस थोड़ी सी तैयारी और सही देखभाल से आप अपने गमले या बालकनी में लौकी उगा सकते हैं। कृषि वैज्ञानिकों के अनुसार, इसके लिए उन्नत किस्मों के बीज और ऑर्गेनिक मिट्टी का इस्तेमाल करना सबसे महत्वपूर्ण है। यहां हम आपको घर पर लौकी उगाने के कुछ आसान स्टेप्स बात रहे हैं। आइए देखें…

1. उन्नत किस्मों के बीज का चयन – अगर आप अपने घर में लौकी उगाना चाहते हैं और उससे अच्छी क्वालिटी की उपज लेना चाहते हैं तो बेहद जरूरी है कि आप इसकी उन्नत किस्मों का चुनाव करें. अच्छी उपज के लिए आप अच्छी किस्म के जैविक बीजों को ले सकते हैं जैसे- पूसा समर प्रोलिफिक या फिर अर्का बहार. ध्यान देने वाली बात ये है कि रोगमुक्त पैदावार के लिए जरूरी है कि आप बुवाई से पहले लगभग 12 घंटे तक बीजों को पानी में भिगोकर रखें ताकि अंकुरण भी जल्दी हो.

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2. सही गमला और मिट्टी की तैयारी – लौकी एक बेल वाली सब्जी है इसलिए बढ़ने के साथ-साथ इसकी बेलें फैलती हैं जिसके लिए बड़े गमले की जरूरत पड़ती है. इसके लिए आपको 18 से 24 इंच का गहरा और चौड़ा गमला या फिर ग्रो बैग लेना होगा. इसके बाद गमले में 50 फीसदी सामान्य मिट्टी, 30 फीसदी गोबर की खाद और 20 फीसदी बालू या फिर कोकोपीट मिलाएं. आपको इस बात का खास खयाल रखना होगा कि गमले में नीचे छेद हो ताकि हवा का संचार न रुके।

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3. बीज बुवाई और पानी देना – गमले में मिट्टी की तैयारी करने के बाद उपचारित किए गए 2से 3 बीजों को गमले में करीब 1 इंच की गहराई में बोएं. बीज बुवाई के बाद शुरुआत के 2 दिनों में गमले को पानी दें, लेकिन ध्यान रहे कि जरूरत से ज्यादा पानी देने पर बीज सड़ सकते हैं और नुकसान हो सकता है. बता दें कि, बीजों बुवाई के लगभग 6 से 10 दिनों बाद बीज अंकुरित होते हैं.

4. पौधे को पोषण और देखभाल दें – गमले में लगाए गए लौकी के पौधे को भरपूर मात्रा में पोषण मिले और पौधा अच्छे से ग्रो करे इसके लिए जरूरी है कि पौधे को सही खाद दी जाए. लौकी के पौधे की ग्रोथ के लिए जरूरी है कि आप हर 15 से 20 दिन में गमले में गोबर की खाद या वर्मीकंपोस्ट जरूर डालें. साथ ही आप नीम के तेल का भी इस्तेमाल कर सकते हैं. इसके इस्तेमाल से कीटों को दूर रखने में मदद मिलती है. इसके अलावा जैसे-जैसे आपका पौधा बढ़े वैसे -वैसे उसे किसी जाली पर चढ़ाते जाएं ताकि बेलों को सहारा मिलता रहे.

5. फल और तुड़ाई का समय – लौकी के बीजों की बुवाई के करीब 50 से 60 दिनों में पौधे में फल और फूल आना शुरू हो जाते हैं. बाक करें लौकी की कटाई की तो जब लौकी नरम और हल्के हरे रंग की हो तब उसे तुड़ाई करना सही होता है. जरूरत से ज्यादा पक जाने पर लौकी की स्वाद बिगड़ सकता है. बता दें कि, घर पर उगाई गई लौकी से आप करीब 10 से 15 लौकी प्राप्त कर सकते हैं.

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