कृषि उत्पादन में प्रदेश आगे : श्री बिसेन

Share this

बालाघाट। मध्यप्रदेश में कृषि विकास दर की स्थिति विश्वस्तरीय है। हम देश के सबसे तेजी से प्रगति करने वाले राज्य हैं। सोयाबीन, चना, दलहनी और तिलहनी फसलों के सर्वाधिक उत्पादन सहित हम अनेक फसलों का अधिकतम उत्पादन देश में कर रहे हैं। इसीलिये राज्य को लगातार चौथी बार कृषि कर्मण अवार्ड दिया गया है। यह अवार्ड किसानों के गौरव का प्रतीक है। हमारा संकल्प है कि आने वाले पांच वर्षों में किसानों की आय दोगुनी हो। इसके लिये पूरे देश में कार्य योजना बनाकर उस पर अमल भी शुरू कर दिया है। यह उद्गार लालबर्रा, जिला बालाघाट में आयोजित तीन दिवसीय कृषि विज्ञान मेले में किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग मंत्री श्री गौरीशंकर बिसेन ने प्रकट किये। उन्होंने कहा कि बालाघाट तथा नजदीकी जिले के किसानों को जैविक उत्पादों के विपणन के लिये अब भटकना नहीं पड़ेगा। इसके लिये नजदीकी ग्राम डोकरबंदी एवं जाम में बहुउद्देशीय किसान केन्द्र की शुरूआत की गई है। ये केन्द्र किसानों को खेती की उपज बढ़ाने तथा विक्रय प्रबंधन के अतिरिक्त जैविक कृषि उत्पादन करने और उनके विपणन की समुचित व्यवस्था करेगा। मेले के उद्घाटन समारोह में उद्यानिकी मंत्री सुश्री कुसुम महदेले लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री री रूस्तम सिंह, उच्च शिक्षा, लोक सेवा प्रबंधन व जन शिकायत निवारण मंत्री श्री जयभान सिंह पवैया, महाराष्ट्र सरकार के समाज कल्याण तथा सामाजिक न्याय मंत्री श्री राजकुमार बडोले, प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा, लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण एवं संसदीय कार्य राज्य मंत्री श्री शरदजैन के साथ ही श्री बोध सिंह भगत सांसद बालाघाट व श्री नानाभाऊ पटोले, सांसद भण्डारा, गोंदिया तथा अध्यक्ष जिला पंचायत श्रीमती रेखा बिसेन के विशेष आतिथ्य के अतिरिक्त अनेक जनप्रतिनिधियों भी मंच पर उपस्थित रहे। मंत्री गण द्वारा किसानों का सम्मान भी किया गया। इन्हें अनुदान पर कृषि यंत्र वितरित किये गये। 40 किसानों को पैडी ट्रान्सप्लांटर भी दिये गये। कृषक जीवन कल्याण योजना की राशि के चैक भी वितरित किये गये। इसके अलावा बीज मिनिकिट, फल पौध आदि का वितरण भी किया गया।
विशाल प्रदर्शनी का आयोजन
लालबर्रा, जिला बालाघाट में आयोजित इस तीन दिवसीय कृषि विज्ञान मेले में प्रदेश भर के किसानों ने नवीन तकनीकी आधारित प्रदर्शनी का जमकर लाभ उठाया। इस अभूतपूर्व मेले का लाभ 50 हजार से अधिक किसानों ने लिया। मेले का मुख्य आकर्षण खेती में काम आने वाले आधुनिक कृषि यंत्र रहे। पैडी ट्रान्सप्लांटर, पावर वीडर, रोटावेटर, जायरोवेटर, जीरो टिल सीड कम फर्टीलाइजर्स ड्रिल, हैप्पी सीडर आदि यंत्रों का जीवन्त प्रदर्शन यहां किया गया।
कृषि विशेषज्ञों द्वारा मार्गदर्शन
किसानों को तकनीकी जानकारियां उपलब्ध कराने के लिये विशेषज्ञों तथा वैज्ञानिकों द्वारा उन्नत तकनीकी के व्याख्यान मल्टीमीडिया की सहायता से दिये गये। इसके साथ ही खेती की समस्याओं का निराकरण विशेषज्ञों ने किया। प्रगतिशील किसानों ने भी अपनी सफलता की कहानी प्रस्तुत की।  किसानों के मनोरंजन के लिये कलाकारों के दल ने लोक संगीत के कार्यक्रम प्रस्तुत किये।

Share this
Advertisements

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

4 × four =

Open chat
1
आपको यह खबर अपने किसान मित्रों के साथ साझा करनी चाहिए। ऊपर दिए गए 'शेयर' बटन पर क्लिक करें।