Ad DesktopAd TabletAd Mobile
राज्य कृषि समाचार (State News)

सिंघाड़ा खेती करने वालों को मिलेगा अनुदान : श्री कुशवाह

जैविक उद्यानिकी कृषकों का सम्मेलन अगले माह

2 मार्च 2022, भोपाल ।  सिंघाड़ा खेती करने वालों को मिलेगा अनुदान : श्री कुशवाह – प्रदेश में सिंघाड़ा खेती करने वाले उद्यानिकी किसानों को आर्थिक सहायता के तौर पर अनुदान दिया जायेगा। जैविक खेती को बढ़ावा देने के लिये जैविक खेती करने वाले किसनों से सुझाव लिये जायेंगे। उद्यानिकी एवं खाद्य प्र-संस्करण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री भारत सिंह कुशवाह ने मंत्रालय में आयोजित बैठक में यह निर्णय लिये। अपर मुख्य सचिव उद्यानिकी एवं खाद्य प्र-संस्करण श्री जे.एन. कंसोटिया, आयुक्त उद्यानिकी एवं खाद्य प्र-संस्करण श्री ई. रमेश कुमार और एमडी एमपी एग्रो श्री राजीव कुमार जैन उपस्थित थे।

औषधीय गुणों से भरपूर तुम्बा की खेती शुष्क एवं अतिशुष्क क्षेत्रों में आय का जरिया

राज्य मंत्री ने कहा कि संभागीय किसान कार्यशाला में किसानों से प्राप्त सुझावों को ध्यान में रखते हुए निर्णय लिये गये हैं। उन्होंने कहा कि उद्यानिकी क्षेत्र को विस्तार देने और किसानों के अनुकूल विभागीय योजनाओं के क्रियान्वयन को सुनिश्चित करने के लिये जिला स्तर पर जिला बागवानी सलाहकार समितियाँ गठित की जायेंगी। समितियों में संबंधित जिले के किसान सदस्य रहेंगे। श्री कुशवाह ने कहा कि जैविक उद्यानिकी खेती को बढ़ावा देने के लिये किसानों के सुझाव के आधार पर कार्यक्रम तय किया जायेगा। किसानों से सुझाव प्राप्त करने अगले माह जैविक कृषक सम्मेलन आयोजित करेंगे। सम्मेलन में प्रदेश के सभी जिले से जैविक खेती करने वाले उद्यानिकी कृषकों को आमंत्रित किया जायेगा।

Ad DesktopAd TabletAd Mobile
Ad DesktopAd TabletAd Mobile

उद्यानिकी किसानों को उनकी माँग और आवश्यकता के अनुरूप उद्यानिकी फसलों के भंडारण के लिये पैक-हाउस, प्याज भंडार-गृह, कोल्ड-स्टोरेज निर्माण का जिलों को लक्ष्य दिया जायेगा।
श्री कुशवाह ने कहा कि उद्यानिकी किसानों की माँग के अनुसार उन्नत किस्म के बीज और पौधे विभाग उपलब्ध करवायेगा। उन्होंने कहा कि किसानों की माँग के अनुरूप विशेष रूप से अमरूद की वीएनआर वर्फ खाना, पिंक ताईवान आदि किस्मों के पौधे विभाग द्वारा उद्यानिकी किसानों को उपलब्ध करवाये जायेंगे। श्री कुशवाह ने कहा कि पॉली-हाउस और शेडनेट योजना में किसानों को अनुदान की राशि डीबीटी के माध्यम से किस्तों में देने का निर्णय लिया गया है।

कृषक जगत को व्हाट्सएप पर फॉलो करें
खेती-किसानी की ताज़ा खबरें, सीधे आपके फ़ोन पर
चैनल फॉलो करें

महत्वपूर्ण खबर: कुछ शर्तों के साथ अग्रिम अनुबंध के साथ मूंग के आयात की अनुमति