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राज्य कृषि समाचार (State News)

मध्यप्रदेश में कम हुई बारिश की रफ्तार, अब रहिए गर्मी-उमस के लिए तैयार, पढ़ें IMD की लेटेस्ट रिपोर्ट

30 सितम्बर 2025, भोपाल: मध्यप्रदेश में कम हुई बारिश की रफ्तार, अब रहिए गर्मी-उमस के लिए तैयार, पढ़ें IMD की लेटेस्ट रिपोर्ट – पिछले 24 घंटों में मध्य प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में बारिश की स्थिति अलग-अलग रही। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, भोपाल, चंबल और शहडोल संभागों के जिलों में कहीं-कहीं बारिश दर्ज की गई, जबकि सागर और नर्मदापुरम संभागों में कुछ स्थानों पर बारिश हुई। जबलपुर संभाग में कई स्थानों पर और इंदौर व उज्जैन संभागों में अधिकांश स्थानों पर बारिश देखी गई। वहीं, राज्य के शेष संभागों में मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहा।

बारिश के आंकड़े

पिछले 24 घंटों में मध्य प्रदेश के कई स्थानों पर बारिश दर्ज की गई, जिनमें कुछ क्षेत्रों में भारी वर्षा भी हुई। सबसे अधिक बारिश नसरूल्लागंज में 98.0 मिमी दर्ज की गई। अन्य प्रमुख आंकड़ों में सोहागपुर (56.0 मिमी), निवाली (51.4 मिमी), बिछिया (46.4 मिमी), अलीराजपुर (44.2 मिमी), सेंधवा (44.1 मिमी), बड़वानी (43.0 मिमी), पाटी (42.0 मिमी), दही (38.0 मिमी), बकाल (35.0 मिमी), पुनासा बांध (35.0 मिमी), और पानसेमल (33.0 मिमी) शामिल हैं। इसके अलावा, शेगांव (32.0 मिमी), उदयनगर (25.0 मिमी), परसवाड़ा (23.4 मिमी), सोनकच्छ (22.0 मिमी), और हरसूद (22.0 मिमी) जैसे क्षेत्रों में भी अच्छी बारिश हुई। अन्य कई स्थानों जैसे राणापुर, राजपुर, महेश्वर, अंजड़, कुक्षी, खचरौद, कटंगी, बिरसा, थांदला, और गोगावां में 15 से 21 मिमी के बीच बारिश दर्ज की गई। कुछ स्थानों पर हल्की बारिश (2.1 से 14 मिमी) भी देखी गई, जिसमें इंदौर (3.2 मिमी), देवास (3.0 मिमी), रतलाम (3.0 मिमी), और गुना (4.2 मिमी) जैसे शहर शामिल हैं।

मौसमी परिस्थितियां

आईएमडी के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी रेखा वर्तमान में 20° उत्तर/69° पूर्व, वेरावल, भुज, उज्जैन, झांसी, शाहजहांपुर और 30° उत्तर/81° पूर्व से होकर गुजर रही है। खंभात की खाड़ी और आसपास के क्षेत्रों में एक सुस्पष्ट निम्न दाब क्षेत्र बना हुआ है, जिससे जुड़ा चक्रवाती परिसंचरण मध्य समुद्र तल से 7.6 किमी की ऊंचाई तक सक्रिय है। यह परिसंचरण ऊंचाई के साथ दक्षिण-पश्चिम की ओर झुका हुआ है। यह सिस्टम पश्चिम-उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ सकता है और 1 अक्टूबर के आसपास उत्तर-पूर्व अरब सागर में एक अवदाब में बदलने की संभावना है। इसके अलावा, खंभात की खाड़ी से दक्षिण गुजरात, विदर्भ, दक्षिण छत्तीसगढ़, दक्षिण ओडिशा, उत्तरी तटीय आंध्र प्रदेश होते हुए पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी तक एक ट्रफ 0.9 किमी की ऊंचाई पर फैली हुई है। उत्तरी तटीय आंध्र प्रदेश और आसपास के क्षेत्रों में एक ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण 1.5 से 5.8 किमी की ऊंचाई के बीच सक्रिय है, जो ऊंचाई के साथ दक्षिण की ओर झुका हुआ है। इसके अलावा, 30 सितंबर को उत्तरी अंडमान सागर में एक और ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण बनने की संभावना है, जिसके प्रभाव से 1 अक्टूबर के आसपास उत्तरी और संलग्न मध्य बंगाल की खाड़ी में निम्न दाब क्षेत्र बन सकता है।

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मौसम चेतावनी और पूर्वानुमान

आईएमडी ने मध्य प्रदेश के कई जिलों के लिए मौसम चेतावनी जारी की है। भोपाल, विदिशा, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगोन, अलीराजपुर, झाबुआ, रतलाम, मंदसौर, नीमच, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना, श्योपुरकलां, सिंगरौली, सीधी, रीवा, मऊगंज, सतना, अनुपपुर, शहडोल, उमरिया, डिंडोरी, कटनी, जबलपुर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, मैहर, और पांढुर्णा जिलों में कहीं-कहीं झंझावत और वज्रपात की संभावना है।
इसके अलावा, बड़वानी, धार, इंदौर, उज्जैन, देवास, शाजापुर, और आगर जिलों में कहीं-कहीं झंझावत, वज्रपात के साथ 30-40 किमी/घंटा की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने की चेतावनी है।

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