राज्य कृषि समाचार (State News)

मध्यप्रदेश: 47 देशों में पहुंचा रायसेन का बासमती चावल, 1800 करोड़ का हुआ निर्यात

14 अगस्त 2026, भोपाल: मध्यप्रदेश: 47 देशों में पहुंचा रायसेन का बासमती चावल, 1800 करोड़ का हुआ निर्यात – मध्य प्रदेश के रायसेन जिले के किसानों की मेहनत अब ग्लोबल मार्केट में अपनी पहचान बना रही है। जिले में उत्पादित बासमती चावल की मांग दुनिया के 47 देशों में है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बताया कि पिछले वर्ष रायसेन से करीब 1800 करोड़ रुपये का बासमती चावल निर्यात हुआ है। उन्होंने कहा कि अब दुनिया रायसेन को सांची, भीमबेटका और भोजपुर के साथ-साथ यहां के बासमती चावल और गेहूं के स्वाद से भी पहचानने लगी है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव रायसेन में आयोजित बलराम कृषि महोत्सव को मुख्यमंत्री निवास स्थित समत्व भवन से वर्चुअली संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में पूर्व मंत्री सुरेंद्र पटवा और अपर मुख्य सचिव नीरज मंडलोई भी मौजूद रहे।

पारंपरिक खेती से आगे बढ़ रहे किसान

मुख्यमंत्री ने कहा कि रायसेन के किसान अब पारंपरिक फसलों के साथ बड़े पैमाने पर फल और सब्जियों की खेती भी कर रहे हैं। सरकार किसानों को बीज से लेकर बाजार तक हर स्तर पर सहयोग दे रही है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में केन-बेतवा राष्ट्रीय नदी जोड़ो परियोजना का लाभ रायसेन को मिलेगा। इससे जिले की सिंचाई क्षमता में बड़ी बढ़ोतरी होने की उम्मीद है। मुख्यमंत्री ने किसानों के खेतों को देवस्थल बताते हुए कहा कि उनके दाना-दाना हमारे लिए प्रसाद के समान है।

किसानों को बिना ब्याज मिलेगा ऋण

मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों को जीरो प्रतिशत ब्याज पर कृषि ऋण मिलता रहेगा। ऋण चुकाने के लिए किसानों को पूरे एक साल का समय दिया जाएगा। सहकारी खातों की पुरानी गड़बड़ियों को दूर कर हजारों किसानों को ऋण और सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि मूंग और उड़द का उपार्जन जारी है। वहीं, MSP और बोनस के साथ किसानों से रिकॉर्ड 104 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीदा गया है।

प्रोसेसिंग और ब्रांडिंग पर जोर

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि किसानों को कृषि उत्पादों की प्रोसेसिंग, ब्रांडिंग और मार्केटिंग से जोड़ा जा रहा है। फूड पार्क, कोल्ड चेन और कृषि प्रसंस्करण से जुड़ी सुविधाओं का विस्तार कर कृषि उत्पादों की वैल्यू चेन को मजबूत किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि तकनीक और नवाचार के माध्यम से कृषि उत्पादन और किसानों की आय बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं। राज्य में दुग्ध उत्पादन को मौजूदा 12 प्रतिशत से बढ़ाकर 20 प्रतिशत तक ले जाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके अलावा हर जिले में एक आधुनिक मत्स्य हैचरी विकसित करने की योजना है।

किसानों से खेती की जमीन नहीं बेचने की अपील

मुख्यमंत्री ने किसानों से खेती की जमीन नहीं बेचने की अपील की। उन्होंने कहा कि भोपाल के आसपास विकसित हो रही सड़क परियोजनाओं का लाभ आने वाले समय में रायसेन जिले को भी मिलेगा। उन्होंने किसानों से बलराम कृषि महोत्सव में संचालित विभिन्न गतिविधियों का अधिक से अधिक लाभ उठाने का आह्वान किया। कार्यक्रम में राज्यमंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल, पूर्व मंत्री डॉ. प्रभुराम चौधरी सहित अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।

आपने उपरोक्त समाचार कृषक जगत वेबसाइट पर पढ़ा: हमसे जुड़ें
> नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़व्हाट्सएप्प
> कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें
> कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: E-Paper
> कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: Global Agriculture