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पशुपालन (Animal Husbandry)राज्य कृषि समाचार (State News)

वर्षा ऋतु में पशुपालक करें पशुओं की विशेष देखभाल

23 जुलाई 2024, हरदा: वर्षा ऋतु में पशुपालक करें पशुओं की विशेष देखभाल – वर्षा ऋतु में पशुओं की देखभाल बहुत आवश्यक है। पशुपालन विभाग की ओर से विशेष जागरूकता अभियान चलाकर पशुपालकों को उनके पशुओं की देखभाल करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। इस मौसम में वातावरण में आई नमी में  बढ़ोतरी  के कारण पशुओं के स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता  है, जिससे पशुओं की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम हो जाती है, जीवाणु, विषाणु फफूंद जनित एवं पशु परजीवियों जैसे जूं, मक्खी व मच्छरों से होने वाली सभी प्रकार की बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है।

पशुपालन विभाग के उप संचालक डॉ. एस.के. त्रिपाठी ने बताया कि बरसात के मौसम में पशुपालकों को पशुओं का विशेष ध्यान रखना चाहिए। पशुओं को सूखे स्थान पर रखें जहां पर हवा व धूप की मात्रा पर्याप्त में हो। साफ-सफाई का भी विशेष ध्यान रखें। पशुओं को यदि पक्के फर्श पर रखा जाता है तो उस स्थान पर सप्ताह में कम से कम दो बार कीटाणुनाशक दवाई से सफाई करें। परजीवियों से बचाव के लिए पशुपालक पशु बाड़े में मच्छरदानी का प्रयोग करें तथा समय समय पर नजदीकी पशु चिकित्सक से परामर्श करके परजीवियों से बचाव के लिए दवाईयां व जानकारी प्राप्त करें। पशुओं के खुरों को समय-समय पर साफ करते रहें। क्योंकि इस मौसम में फफूंद को बढ़ावा मिलता है। पशुओं को समय पर पेट के कीड़ों की दवाई दें व नियमित टीकाकरण करायें। उन्होने सलाह दी है कि अगर किसी भी बीमारी का लक्षण पशुओं में दिखाई दे तो तुरंत नजदीकी पशु चिकित्सालय से सम्पर्क करें तथा पशु चिकित्सक की सलाह से उचित उपचार करवाएं।

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