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राज्य कृषि समाचार (State News)सरकारी योजनाएं (Government Schemes)

इस राज्य के किसानों को नहीं देना होगा ब्याज, क्या है सरकार की योजना

17 मार्च 2025, भोपाल: इस राज्य के किसानों को नहीं देना होगा ब्याज, क्या है सरकार की योजना – राजस्थान के किसानों को ऋण लेने के बाद ब्याज नहीं देना होगा। हालांकि राज्य के किसानों को सरकार की उस योजना का लाभ लेना जरूरी रहेगा जो योजना खासकर किसानों के लिए ही सरकार ने लागू की है।

राजस्थान के सहकारिता राज्य मंत्री गौतम कुमार दक ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा भूमि विकास बैंकों के ऋणों के लिए “एकमुश्त समझौता योजना” लाए जाने से किसानों और लघु उद्यमियों को तो बड़ी राहत मिलेगी ही कमजोर आर्थिक स्थिति से जूझ रहे भूमि विकास बैंकों के लिए भी राज्य सरकार का यह कदम संजीवनी साबित होगा।

एकमुश्त समझौता योजना के लागू होने से प्रदेश के भूमि विकास बैंकों से जुड़े हुए 36,351 अवधि पार ऋणी सदस्यों को अवधि पार ब्याज में शत प्रतिशत राहत का लाभ मिलेगा। जिसके परिणामस्वरूप उक्त ऋणी सदस्यों को नवीन कृषि और अकृषि गतिविधियों के लिए राज्य सरकार की 5 प्रतिशत ब्याज अनुदान योजना में नया ऋण मिल सकेगा, जिससे उनका आर्थिक उन्नयन होगा और वे पुनः मुख्यधारा में लौट सकेंगे।

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सहकारिता मंत्री ने कहा कि पिछले कुछ सालों में प्राकृतिक आपदाओं के कारण ऋणी किसानों द्वारा बैंक के ऋण की किश्तें नहीं चुकाई जा सकीं, जिसके परिणामस्वरूप इन बैंकों का अवधिपार ऋण लगभग 760 करोड़ रुपये हो गया। अब मुख्यमंत्री द्वारा एकमुश्त समझौता योजना लागू करने की घोषणा करते हुए इसके लिए 200 करोड़ रुपये का व्यय प्रस्तावित किया गया है, जिससे भूमि विकास बैंकों के ऋणों की वसूली आसान होगी और उनकी आर्थिक स्थिति सुधरेगी। सहकारिता मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार के ‘सुराज संकल्प’ में किसानों की भूमि नीलाम नहीं होने देने का प्रावधान किया गया है। जिसके अंतर्गत भूमि विकास बैंकों द्वारा वसूली के लिए की जाने वाली नीलामी कार्यवाही को भी स्थगित किया गया है। उन्होंने कहा कि किसानों का यह वर्ग आशान्वित था कि राज्य सरकार उन्हें राहत देते हुए एकमुश्त समझौता योजना लागू करेगी। 

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