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राज्य कृषि समाचार (State News)

कृषि विज्ञान केंद्र सिवनी में किसान हितैषी बैठक: आधुनिक खेती के लिए यंत्रीकरण और जैविक खेती पर जोर

09 जनवरी 2025, सिवनी: कृषि विज्ञान केंद्र सिवनी में किसान हितैषी बैठक: आधुनिक खेती के लिए यंत्रीकरण और जैविक खेती पर जोर – कृषि विज्ञान केंद्र सिवनी में आयोजित वैज्ञानिक परामर्शदात्री बैठक में किसानों को आधुनिक तकनीकों और नवाचारों से जोड़ने पर गहन चर्चा हुई। दर्पण सभागार में आयोजित इस बैठक में जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय, जबलपुर के विस्तार सेवाओं के संचालक डॉ. दिनकर शर्मा मुख्य अतिथि रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती की पूजा और विश्वविद्यालय के कुलगीत की प्रस्तुति से हुआ।

केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख डॉ.शेखर सिंह बघेल ने स्वागत भाषण के साथ कृषि विज्ञान केंद्र के वर्ष 2023-24 में किए गए कार्यों की प्रस्तुति दी। उन्होंने पावर पॉइंट के माध्यम से केंद्र की गतिविधियों और उपलब्धियों को रेखांकित किया। साथ ही, वर्ष 2024-25 के लिए किसान हितैषी योजनाओं की विस्तार से जानकारी साझा की।

बैठक को संबोधित करते हुए डॉ.दिनकर शर्मा ने कहा कि भारतीय किसानों के लिए कृषि में यंत्रीकरण, फसल विविधीकरण और नैनो उर्वरकों का उपयोग बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने किसानों को जागरूक बनाने और तकनीकी सशक्तिकरण की आवश्यकता पर बल दिया। मृदा में सूक्ष्म जीवों की संख्या बढ़ाने पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि इससे न केवल फसल उत्पादन में सुधार होगा बल्कि किसानों की आमदनी में भी वृद्धि होगी। डॉ.शर्मा ने प्राकृतिक खेती, जैविक खेती, और गौवंश आधारित कृषि को खेती का मूल बताते हुए इनका महत्व समझाया।

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बैठक में उपसंचालक कृषि श्री मौरिश नाथ ने किसानों को आधुनिक उपकरण जैसे हैप्पीसीडर, मल्चर और सुपरसीडर का उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने फसल विविधीकरण के अंतर्गत सूरजमुखी और कुसुम जैसी फसलों को बढ़ावा देने और जिले में जीराशंकर को जी.आई. टैग दिलाने की प्रक्रिया पर भी चर्चा की। बैठक में उपस्थित अन्य विशेषज्ञों ने भी कृषि में उन्नत तकनीकों के उपयोग पर अपने विचार रखे।

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बैठक के बाद डॉ. दिनकर शर्मा ने कृषि विज्ञान केंद्र में प्रदर्शित फसल संग्रहालय का दौरा किया। उन्होंने जैविक खेती, प्राकृतिक खेती, केंचुआ खाद उत्पादन इकाई, अजोला उत्पादन इकाई और अमरूद के फलोद्यान का अवलोकन किया। भ्रमण के दौरान उन्होंने केंद्र के कार्यों की सराहना की और वहां वृक्षारोपण भी किया।

कार्यक्रम में तीन दशकों से कृषि क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले प्रगतिशील किसानों श्री अयोध्या प्रसाद भोयर, श्री शिवराम सनोड़िया और श्री रघुवीर सनोड़िया का सम्मान मुख्य अतिथि डॉ. दिनकर शर्मा द्वारा शॉल, श्रीफल और पुष्पगुच्छ देकर किया गया। इस अवसर पर कृषि विभाग, उद्यानिकी विभाग, पशुपालन विभाग, और अन्य संस्थाओं के कई अधिकारी उपस्थित रहे, जिन्होंने किसानों के विकास के लिए विभिन्न योजनाओं और सुझावों पर चर्चा की।

कार्यक्रम का संचालन डॉ. निखिल सिंह ने किया और धन्यवाद ज्ञापन डॉ. के. के. देशमुख ने दिया। यह बैठक किसानों को आधुनिक तकनीकों से जोड़ने और खेती को अधिक उत्पादक व लाभदायक बनाने की दिशा में एक सार्थक कदम साबित हुई।

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