34 एकड़ में लगी लेमनग्रास-खस विस्तार का प्रयास सराहनीय : डॉ. चेरियन

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8 मार्च 2021, कोरिया ।  34 एकड़ में लगी लेमनग्रास-खस विस्तार का प्रयास सराहनीय : डॉ. चेरियन – सुपारी व मसाला निदेशालय, कालीकट, केरल के निदेशक डॉ. होमी चेरियन, उपनिदेशक डॉ. फेमिना एवं इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के उत्कृष्टता केन्द्र के प्रमुख वैज्ञानिक डॉ. एस.एस. टुटेजा व डॉ. डी. खोकर ने कृषि विज्ञान केन्द्र कोरिया द्वारा जिला प्रशासन के सहयोग से ग्राम दुधानिया, उमझर, लाई की सामूहिक बाडिय़ों में 34 एकड़ में स्थापित लेमन ग्रास, खस की उन्नत खेती का अवलोकन व भ्रमण कर जिला कोरिया में सगंध फसलों की उन्नत प्रजातियों के विस्तार के प्रयास को सराहनीय कदम बताया।

डॉ. चेरियन से सामूहिक बाडिय़ों के कृषकों ने चर्चा के बाद बताया कि लेमनग्रास की दो कटाई हो चुकी है तथा सगंध तेल का निष्कासन कृषि विज्ञान केन्द्र कोरिया के प्रक्षेत्र में स्थापित भाप आसवन संयंत्र से निकाला जा रहा है साथ ही साथ विभिन्न सगंध फसलों जैसे पामारोजा, सिट्रोनेला, हल्दी, खस, पचौली एवं शैल जिंजर से भाप आसवन संयंत्र द्वारा निकाले गये सगंध तेल से स्व उद्यमिता के लिए 15 मिली की सगंध तेल की पैकिंग, हस्तनिर्मित सगंध साबुन, सगंध अगरबत्ती, रूम फ्रेशनर इत्यादि का निर्माण भी प्रायोगिक स्तर के.वी.के. मार्गदर्शन में किसान उत्पादक संगठन के अंतर्गत कृषकों व महिला समूहों ने प्रारंभ कर दिया है।

कोरिया जिले में लेमन ग्रास की कावेरी, कृष्णा, सिम शिकर, खस की सिम वृद्धि सिट्रोनेला की बायो-13, पामारोसा की मोतिया, हल्दी की रश्मि व बी.एस.आर-2 तथा सौंफ की अजमेर फेनेल-2 को गौठान ग्रामों में प्रायोगिक तौर पर प्रक्षेत्र परीक्षण व प्रचार-प्रसार के लिए लगाया गया है। ताकि विभिन्न सगंध व मसाला फसलों की उन्नत प्रजातियों के उपज व गुणवत्ता के आंकड़ों के आधार पर जिले में अच्छा प्रदर्शन करने वाली सगंध व मसाला फसलों की उन्नत प्रजातियों का रकबा, बीज तथा पौध सामग्री कृषकों को उपलब्ध हो सके।

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