12 हितग्राहियों का दल पशु चयन करने हरियाणा रवाना
09 नवंबर 2025, बालाघाट: 12 हितग्राहियों का दल पशु चयन करने हरियाणा रवाना – मुख्यमंत्री डेयरी प्लस योजना के अंतर्गत चयनित पात्र हितग्राहियों को अनुदान पर उन्नत नस्ल की दुधारू पशु उपलब्ध कराये जाने है। हितग्राही अपनी पसंद के अनुसार दुधारू पशु चयन कर सके इसके लिए जिले के 12 हितग्राहियों का दल दुधारू पशु चयन करने के लिए गत दिनों रोहतक हरियाणा के लिए रवाना किया गया है। इस दल में पशु चिकित्सा सहायक शल्यज्ञ, विकासखण्ड परसवाड़ा डॉ सुरेन्द्र मर्सकोले भी साथ में गए हैं ।
प्रभारी उपसंचालक पशु चिकित्सा सेवाएं डॉ. आरएस नगपुरे ने बताया कि मुख्यमंत्री डेयरी प्लस योजना अंतर्गत जिले के बालाघाट, बैहर, बिरसा, परसवाड़ा, लांजी, वारासिवनी, लालबर्रा विकासखंड के प्रत्येक हितग्राही को दो मुर्रा भैंस उपलब्ध कराना है। इसमें सामान्य वर्ग के हितग्राहियों को 50 प्रतिशत अंशदान एवं 50 प्रतिशत अनुदान तथा अनुसूचित जनजाति, अनुसूचित जाति के हितग्राहियों को 25 प्रतिशत अंशदान एवं 75 प्रतिशत अनुदान पर दुधारू पशु उपलब्ध कराया जा रहा है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशा अनुरूप बालाघाट जिले में दुग्ध उत्पादन को बढ़ाने के लिए डेयरी व्यवसाय करने कृषकों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। कृषि के साथ पशुपालन से आय वृद्धि के उद्देश्य से पशुपालन व्यवसाय कृषकों के जीविका उपार्जन हेतु अति महत्वपूर्ण है। म.प्र. के जिन जिलों में दूध एवं दुग्ध उत्पादों की मांग की तुलना में आपूर्ति की कमी है, उन जिलों में इस योजना का क्रियान्वयन करते हुए उत्पादन एवं मांग में संतुलन स्थापित किया जा रहा है। इसके लिए बालाघाट जिले में भी नये उन्नत नस्ल के दुधारू पशुओं को लाकर दुग्ध उत्पादन में वृद्धि तथा स्वरोजगार में वृद्धि के लिए कार्य किया जा रहा है। इसी उद्देश्य से जिले के 12 हितग्राहियों को रोहतक हरियाणा रवाना किया गया है।
आपने उपरोक्त समाचार कृषक जगत वेबसाइट पर पढ़ा: हमसे जुड़ें
> नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़, व्हाट्सएप्प
> कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें
> कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: E-Paper
> कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: Global Agriculture


