धान पककर तैयार, किसान बोले- 1 अक्टूबर का इंतजार क्यों? जल्द शुरू हो सरकारी खरीद
करनाल की मंडियों में शुरू हुई धान की आवक, किसानों ने खरीद में देरी से भीड़ और फसल प्रबंधन की समस्या बढ़ने की जताई आशंका –
26 सितंबर 2026, करनाल: धान पककर तैयार, किसान बोले- 1 अक्टूबर का इंतजार क्यों? जल्द शुरू हो सरकारी खरीद – हरियाणा में धान की सरकारी खरीद 1 अक्टूबर से शुरू किए जाने की घोषणा के बीच किसानों ने खरीद प्रक्रिया समय से पहले शुरू करने की मांग उठाई है। किसानों का कहना है कि कई क्षेत्रों में धान की फसल पककर तैयार हो चुकी है और कटाई भी शुरू हो गई है। ऐसे में यदि सरकारी खरीद के लिए निर्धारित तारीख का इंतजार किया गया तो किसानों के सामने तैयार फसल को सुरक्षित रखने के साथ-साथ मंडियों में बढ़ती भीड़ की समस्या भी खड़ी हो सकती है।
करनाल समेत प्रदेश की कुछ अनाज मंडियों में धान की आवक शुरू हो गई है। मंडियों में 1509 किस्म का धान भी पहुंच रहा है, जिसकी सरकारी खरीद नहीं होती। किसानों के अनुसार इस बार 1509 धान के भाव पिछले वर्ष की तुलना में बेहतर मिल रहे हैं। हालांकि किसान अब पीआर धान की सरकारी खरीद भी 1 अक्टूबर से पहले शुरू करने की मांग कर रहे हैं।
तैयार फसल को अधिक समय तक रखना मुश्किल
करनाल अनाज मंडी पहुंचे किसान शेर सिंह का कहना है कि खेतों में धान पूरी तरह पक चुका है। ऐसे में किसान कटाई के बाद फसल को लंबे समय तक अपने पास रखने की स्थिति में नहीं है। उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि फसल की स्थिति को देखते हुए सरकारी खरीद निर्धारित तारीख से पहले शुरू की जाए। किसानों का तर्क है कि खरीद प्रक्रिया जल्दी शुरू होने से मंडियों में एक साथ बड़ी मात्रा में धान पहुंचने की स्थिति नहीं बनेगी। इससे किसानों को अपनी उपज बेचने में सुविधा होगी और मंडियों से फसल का उठाव भी चरणबद्ध तरीके से किया जा सकेगा। किसानों ने समय पर खाद और यूरिया उपलब्ध कराने की मांग भी उठाई है। उनका कहना है कि इस बार बारिश अपेक्षाकृत कम होने के बावजूद धान की पैदावार अच्छी रहने की उम्मीद है।
किसान बोले- फसल तैयार हो तो खरीद भी हो
किसान भूपेश ने कहा कि धान की सरकारी खरीद के लिए केवल तारीख निर्धारित करने के बजाय फसल की वास्तविक स्थिति को भी ध्यान में रखा जाना चाहिए। उनका कहना है कि जब किसान की फसल पककर तैयार हो जाए और वह उसे मंडी लेकर पहुंच जाए तो उसकी खरीद की व्यवस्था होनी चाहिए।
किसानों के अनुसार इससे न केवल उन्हें अपनी उपज बेचने में सुविधा मिलेगी, बल्कि मंडियों में यातायात, फसल के भंडारण और उठाव की व्यवस्था को भी बेहतर ढंग से संचालित किया जा सकेगा।
249 मंडियों में तैयारियां जारी
धान खरीद की व्यवस्थाओं का जायजा लेने करनाल पहुंचे हरियाणा के कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने बताया कि प्रदेश में कुल 249 मंडियां हैं। फिलहाल करीब 15 से 20 मंडियों में ही बासमती धान की आवक हुई है, जबकि सामान्य धान की आवक अभी सीमित है।
कृषि मंत्री के अनुसार सामान्य धान की सरकारी खरीद से संबंधित व्यवस्था और मंडियों में आवश्यक तैयारियां पूरी की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि एक-दो दिन में व्यवस्थाएं पूरी होने के बाद मुख्यमंत्री केंद्र सरकार से बातचीत कर धान की खरीद को लेकर अनुमति लेने की दिशा में आगे बढ़ सकते हैं।फिलहाल किसानों की नजर सरकार के अगले निर्णय पर टिकी है। किसानों की मांग है कि जिन क्षेत्रों में धान की फसल तैयार हो चुकी है, वहां मंडियों की उपलब्ध व्यवस्था को देखते हुए 1 अक्टूबर की निर्धारित तारीख का इंतजार किए बिना सरकारी खरीद शुरू करने पर निर्णय लिया जाए।
आपने उपरोक्त समाचार कृषक जगत वेबसाइट पर पढ़ा: हमसे जुड़ें
> नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़, व्हाट्सएप्प
> कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें
> कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: E-Paper
> कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: Global Agriculture


