राष्ट्रीय कृषि समाचार (National Agriculture News)

कृषि में नवाचारों से बढ़ रहा उत्पादन : श्री तोमर

केन्द्र की कृषक हितैषी योजनाओं का परिणाम

  • (नई दिल्ली से निमिष गंगराड़े)

11 जुलाई 2022, कृषि में नवाचारों से बढ़ रहा उत्पादन : श्री तोमर केन्द्र सरकार की कृषक हितैषी योजनाओं के कारण किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत हो रही है साथ ही कृषि में नवाचारों को प्राथमिकता से अपनाया जा रहा है जो न केवल किसानों को तकनीकी ज्ञान दे रहा है बल्कि उत्पादन भी बढ़ रहा है। लागत में कमी आ रही है और समय भी बच रहा है। यह जानकारी केन्द्रीय कृषि मंत्री श्री नरेन्द्र सिंह तोमर ने कृषक जगत को एक विशेष मुलाकात में दी।

Advertisement
Advertisement

श्री तोमर ने बताया कि किसानों को उनकी उपज का उचित दाम मिल जाए तथा खेती में नई टेक्नालॉजी का उपयोग हो, इसके लिए केन्द्र सरकार द्वारा निरन्तर प्रयास किया जा रहा है। केंद्रीय कृषि मंत्री ने बताया कि 6,865 करोड़ रुपए के खर्च से देश में 10 हजार कृषक उत्पादक संगठन बनाने का काम प्रारंभ हो चुका है। ‘देश में लगभग 85 प्रतिशत छोटे किसान हैं, जो एफपीओ के माध्यम से इक_े होते हैं तो उनका खेती का रकबा व उत्पादन का वाल्यूम बढ़ेगा, उन्हें अच्छा बीज-खाद तथा आसान लोन भी मिलेगा, जिससे कुल मिलाकर किसानों की आय बढ़ेगी व उन्नत खेती होगी।

श्री तोमर ने आह्वान किया कि किसान जैविक व प्राकृतिक खेती की तरफ जाएं। उन्होंने बताया कि सरकार ने ड्रोन के उपयोग को बढ़ावा देने के लिए पालिसी घोषित की है और केंद्रीय कृषि मंत्रालय ने इस संबंध में एसओपी भी जारी कर दी है। उन्होंने बताया कि ड्रोन का उपयोग जैसे-जैसे बढ़ेगा, कृषि में तो इसका फायदा होगा ही, किसानों सहित खेती से जुड़े लोगों के शरीर पर केमिकल दुष्प्रभाव से बचा जा सकेगा एवं रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। श्री तोमर ने बताया कि किसानों के हितों के लिए सरकार की काफी योजनाएं हंै और कम ब्याज पर बैंकों का पैसा भी किसानों के पास आसानी से पहुंच रहा है जिसकी राशि अभी लगभग 16 लाख करोड़ रु. है। इसी तरह, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत किसानों को उनकी फसल के नुकसान के मुआवजे के रूप में 1.15 लाख करोड़ रु. की क्लेम राशि अभी तक दी जा चुकी है।

Advertisement8
Advertisement

केन्द्रीय कृषि मंत्री ने बताया कि वित्त वर्ष 2022-23 के लिए खाद्यान्न का राष्ट्रीय लक्ष्य चालू वर्ष के दौरान 3160 लाख टन के अनुमानित उत्पादन की तुलना में 3280 लाख टन निर्धारित किया गया है। दलहन तथा तिलहन के लिए राष्ट्रीय लक्ष्य क्रमश: 295.5 लाख टन एवं 413.4 लाख टन निर्धारित किया गया है। पोषक अनाजों के उत्पादन का लक्ष्य वित्त वर्ष 2021-22 के 115.3 लाख टन से बढ़ा कर वित्त वर्ष 2022-23 के दौरान 205 लाख टन कर दिया गया है।

Advertisement8
Advertisement

श्री तोमर ने कहा कि कृषि क्षेत्र में किसानों के लिए मुनाफा बहुत जरूरी है। उत्पादन में वृद्धि भी बहुत आवश्यक है। देश में दलहन और तिलहन की दृष्टि से अच्छा काम चल रहा है। यह भी जरूरी है कृषि के क्षेत्र में मुनाफा बढ़े तथा फसलोपरांत किसानों को होने वाला नुकसान न्यूनतम हो जिसके लिए कदम उठाने की जरूरत हैं। इस संबंध में केंद्र सरकार कई योजनाओं पर काम कर रही है। साथ ही सरकार चाहती है कि किसान तकनीक का उपयोग कर महंगी फसलों की ओर रुख कर सकें। फसलों के उत्पादन में एकरूपता आ सके। श्री तोमर ने कहा कि उद्यानिकी को भी और बढ़ाना चाहिए ताकि हर दृष्टि से हम आत्मनिर्भर बन सकें।

महत्वपूर्ण खबर:पीएम-किसान की अगली किश्त सितंबर में आने की संभावना

Advertisements
Advertisement5
Advertisement