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फसल की खेती (Crop Cultivation)राष्ट्रीय कृषि समाचार (National Agriculture News)

IARI की विशेष सलाह: बारिश और ठंड में फसलों की देखभाल कैसे करें?

24 दिसंबर 2024, नई दिल्ली: IARI की विशेष सलाह: बारिश और ठंड में फसलों की देखभाल कैसे करें? – भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान (IARI), नई दिल्ली, ने 24 दिसंबर 2024 को साप्ताहिक मौसम पर आधारित कृषि परामर्श जारी किया है। यह परामर्श किसानों को 29 दिसंबर 2024 तक के लिए है, जिसमें मौसम के हिसाब से फसलों की देखभाल और खेती के कार्यों को प्रभावी ढंग से करने के सुझाव दिए गए हैं। आईए, जानें इस सप्ताह की मुख्य सलाह, बीते सप्ताह का मौसम और आगामी मौसम पूर्वानुमान।

कृषि वैज्ञानिकों की किसानों को सलाह:

1.      आगामी दिनों में वर्षा की संभावना को देखते हुए किसानों को सलाह दी जाती है कि वे अपनी खड़ी फसलों में सिंचाई और किसी भी प्रकार का छिड़काव फिलहाल न करें।

2.      सरसों की फसल: देर से बोई गई सरसों की फसल में विरलीकरण और खरपतवार नियंत्रण का कार्य करें। औसत तापमान में कमी को ध्यान में रखते हुए सरसों की फसल में सफेद रतुआ रोग की नियमित निगरानी करना आवश्यक है।

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3.      प्याज की खेती: तैयार खेतों में प्याज की रोपाई से पहले अच्छी तरह से सड़ी हुई गोबर की खाद और पोटाश उर्वरक का उपयोग करना सुनिश्चित करें ताकि फसल की बढ़वार बेहतर हो।

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4.      आलू की फसल: आलू की फसल में उर्वरक डालें और फसल में मिट्टी चढ़ाने का कार्य करें। अधिक नमी के कारण झुलसा रोग आने की संभावना है, इसलिए फसल की नियमित निगरानी करें। रोग के लक्षण दिखाई देने पर डाईथेन-एम-45 (2 ग्राम प्रति लीटर पानी) का छिड़काव करें।

5.      सब्जी की पौधशाला: जिन किसानों ने टमाटर, फूलगोभी, बंदगोभी और ब्रोकली की पौधशाला तैयार की है, वे मौसम को ध्यान में रखते हुए पौधों की रोपाई करें।

6.      गोभी वर्गीय सब्जियां: गोभी वर्गीय सब्जियों में पत्तियां खाने वाले कीटों की निगरानी करें। यदि इन कीटों की संख्या अधिक हो तो बी. टी.@ 1.0 ग्राम प्रति लीटर पानी या स्पेनोसेड दवा @ 1.0 एम.एल./3 लीटर पानी में मिलाकर छिड़काव आसमान साफ़ होने पर करें।

7.      आम के बाग: आम के बागानों में मिलीबग के बच्चों को रोकने के लिए आम के तनों पर जमीन से 0.5 मीटर की ऊंचाई तक 25 से 30 से.मी. चौड़ी अल्काथीन की पट्टी लपेटें और तनों के आसपास की मिट्टी की खुदाई करें ताकि उनके अंडे नष्ट हो जाएं।

8.      गेंदे की फसल: किसानों को गेंदे की फसल में पुष्प सड़न रोग की संभावना को ध्यान में रखते हुए उसकी निगरानी करते रहना चाहिए।

बीते सप्ताह का मौसम:

18 दिसंबर से 24 दिसंबर 2024 के बीच सुबह हल्की धुंध रही। दिन का अधिकतम तापमान 18.0 से 22.4 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 3.5 से 12.3 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा। सापेक्षिक आर्द्रता सुबह 83-97% और दोपहर में 47-69% दर्ज की गई। इस दौरान औसतन 2.0 घंटे प्रतिदिन धूप खिली रही, जबकि हवा की गति 1.8 किमी प्रति घंटा और वाष्पीकरण दर 1.6 मिमी प्रतिदिन रही।

आगामी मौसम पूर्वानुमान (25-29 दिसंबर 2024):

इस दौरान हल्की से मध्यम बारिश होने और कुछ स्थानों पर घने कोहरे की संभावना है। साप्ताहिक संचयी वर्षा 42.0 मिमी तक हो सकती है। अधिकतम तापमान 21-22 डिग्री और न्यूनतम तापमान 7-10 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। हवा की गति 6-14 किमी प्रति घंटा रह सकती है, और मुख्यत: उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा से चलेगी।

यह परामर्श किसानों को उनकी फसल की उत्पादकता बढ़ाने और संभावित जोखिमों को कम करने में मदद करेगा। ICAR की सलाह को ध्यान में रखते हुए खेती करें और मौसम आधारित खेती का लाभ उठाएं।

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