सरकारी योजनाएं (Government Schemes)राज्य कृषि समाचार (State News)

अटल गृह ज्योति योजना और अटल किसान ज्योति योजना का मालवा-निमाड़ में प्रभावी क्रियान्वयन

13 जुलाई 2024, इंदौर: अटल गृह ज्योति योजना और अटल किसान ज्योति योजना का मालवा-निमाड़ में प्रभावी क्रियान्वयन – मध्यप्रदेश शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता वाली अटल गृह ज्योति योजना और अटल किसान ज्योति योजना का मालवा और निमाड़ क्षेत्र में प्रभावी क्रियान्वयन किया जा रहा है। प्रदेश के ऊर्जा मंत्री श्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के निर्देश पर प्रत्येक जिले में प्रत्येक पात्र हितग्राहियों को समय पर हितलाभ दिया जा रहा है, ताकि पात्रतानुसार बिलों में राहत मिले और आमजन के जीवन की खुशहाली के लिए शासन के प्रयास सफल हो सके। मप्र शासन की इस महती योजना के लिए जारी वित्तीय वर्ष 2024-25 में मालवा-निमाड़ के 46 लाख उपभोक्ताओं के लिए करीब 9350 करोड़ की सब्सिडी का प्रावधान किया गया है।

मध्यप्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी इंदौर के प्रबंध निदेशक श्री अमित तोमर ने बताया कि गृह ज्योति योजना और किसान ज्योति योजना से करीब 46 लाख उपभोक्ता लाभान्वित हो रहे हैं। इसमें प्रतिमाह औसतन करीब 32 लाख घरेलू उपभोक्ता और करीब 14 लाख कृषक श्रेणी के बिजली उपभोक्ता शामिल है। शासन घरेलू उपभोक्ताओं के लिए प्रतिमाह अधिकतम 569 रुपए की सब्सिडी दे रही है, इस योजना में हितग्राहियों की संख्या में मामूली कमी या बढ़ोत्तरी दर्ज रीडिंग के आधार पर संभव है। वहीं अजा, जजा के 1 हेक्टेयर/ पांच हार्स पावर तक के किसानों को पूरी तरह निःशुल्क बिजली सिंचाई के लिए उपलब्ध करा रही है। मालवा और निमाड़ में ही सिंचाई के लिए निःशुल्क बिजली प्राप्त करने वाले किसानों की संख्या करीब 4.70 लाख हैं। शेष किसानों को 92 प्रतिशत तक की सब्सिडी सिंचाई के लिए जारी बिलों में हो रही है।

प्रबंध निदेशक श्री तोमर ने बताया कि दोनों ही योजनाओं का लाभ लेने वालों में इंदौर जिला सबसे उपर हैं, यहां करीब पौने छः लाख उपभोक्ता नियमित रूप से लाभ ले रहे हैं है। इंदौर के बाद दूसरे स्थान पर धार जिले में साढ़े चार लाख, तीसरे स्थान पर उज्जैन जिले में 4.40 लाख, इसके बाद खरगोन में सवा चार लाख, रतलाम में पौने चार लाख, मंदसौर में 3.60 लाख, देवास में साढ़े तीन लाख, खंडवा में तीन लाख , बड़वानी में पौने तीन लाख बिजली उपभोक्ता दोनों ही योजनाओं का लाभ प्राप्त कर रहे हैं। अन्य जिलों में लाभार्थियों की संख्या डेढ़ लाख से ढाई लाख के बीच है।

Advertisements
Advertisement
Advertisement

(नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़,  टेलीग्रामव्हाट्सएप्प)

(कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें)

कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें:

Advertisement
Advertisement

www.krishakjagat.org/kj_epaper/

Advertisement
Advertisement

कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें:

www.en.krishakjagat.org

Advertisements
Advertisement
Advertisement