फसल की खेती (Crop Cultivation)

धानुका के दबोच (Dabooch) का सोयाबीन में उपयोग 

13 सितम्बर 2022, भोपाल: धानुका के दबोच (Dabooch) का सोयाबीन में उपयोग – धानुका का दबोच (Dabooch) सोयाबीन की फसल में बुवाई के 3 दिनों के भीतर इस्तेमाल किया जाने वाला एक पूर्व-उद्भव खरपतवार नाशक / हर्बिसाइड है। यह सोयाबीन में चौड़ी पत्ती वाले खरपतवारों को नियंत्रित करता है और घास और सेज की वृद्धि को रोकता है। 

काम करने का तरीका 

दबोच (Dabooch) खरपतवार में एसीटो लैक्टेट सिंथेज़ एंजाइम (ALS) को रोकता है। प्रोटीन संश्लेषण को भी रोकता है और खरपतवारों को नियंत्रित करता है।

सोयाबीन में दबूच का प्रयोग

इसका उपयोग साइपरस एसपीपी, कमेलिना बेंघालेंसिस, यूफोरबिया जेनिकुलता, डिगेरा अर्वेन्सिस, एसिलिपा एसपीपी, इचिनोक्लोआ कोलोना को नियंत्रित करने के लिए किया जा सकता है।

सोयाबीन के लिए दबोच (Dabooch) की अनुशंसित मात्रा 12.4 ग्राम प्रति एकड़ है।

मूंगफली में दबूच का प्रयोग

इसका उपयोग अमरनल्हस विरिडिस, पार्थेनियम हिस्टेरोफोरस, ट्रिएंथेमा एसपी, यूफोरबिया जीनिकुलेट, साइपरस एसपीपी, इचिनोक्लोआ कोलोना को नियंत्रित करने के लिए किया जा सकता है।

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मूंगफली के लिए दबोच (Dabooch) की अनुशंसित मात्रा 12.4 ग्राम प्रति एकड़ है।

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पैकेट

दबोच (Dabooch) 12.4 ग्राम पाउच के पैक में आता है।



दबोच की विशेषताएं और लाभ

1. पहले दिन से ही खरपतवार नियंत्रण: मिट्टी की सतह से बाहर निकलने से पहले ही खरपतवार को नियंत्रित कर लेते हैं जिससे फसल को कोई नुकसान नहीं होता है।
2. छिड़काव और बुवाई एक साथ: डबोच परेशानी मुक्त खरपतवार नियंत्रण प्रदान करता है जहां बुवाई और शाकनाशी आवेदन एक ही समय सीमा में पूरा किया जा सकता है जिससे लागत बचत होती है।
3. डबूच स्प्रे का समय बारिश पर निर्भर नहीं है, हालांकि, स्प्रे के बाद सामान्य बारिश से इसके प्रदर्शन में सुधार होता है। सोयाबीन और उसके बाद की फसलों के लिए सुरक्षित।

महत्वपूर्ण खबर: पैक्स को पांच साल में 65 हजार से बढ़ाकर 3 लाख किया जाएगा

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