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फसल की खेती (Crop Cultivation)

गेहूं की बुवाई कैसे करें: उन्नत बीज, खाद और दीमक नियंत्रण के उपाय

07 नवंबर 2024, भोपाल: गेहूं की बुवाई कैसे करें: उन्नत बीज, खाद और दीमक नियंत्रण के उपाय – बदलते मौसम को ध्यान में रखते हुए, किसानों को सलाह दी गई है कि वे गेहूं की बुवाई की तैयारी में उचित पलेवा करें और उन्नत बीज व खाद की पूरी व्यवस्था सुनिश्चित करें। मौसम में अनुकूल ओट आने पर गेहूं की बुवाई करने के लिए खेत तैयार हों। किसानों को उच्च पैदावार देने वाली उन्नत किस्मों का उपयोग करने पर भी जोर दिया गया है, जिससे फसल की गुणवत्ता और उत्पादन बढ़ाया जा सके।

उन्नत गेहूं की किस्में और बीज मात्रा

कृषि विशेषज्ञों ने सिंचित क्षेत्रों के लिए उच्च उत्पादकता वाली किस्मों की सिफारिश की है, जिनमें प्रमुख हैं:

  • एच. डी. 3385, एच. डी. 3386, एच. डी. 3298
  • एच. डी. 2967, एच. डी. 3086, एच. डी.सी.एस. डब्लू. 18
  • डी.बी.डब्लू. 370, डी.बी.डब्लू. 371, डी.बी.डब्लू. 372, डी.बी.डब्लू. 327

बुवाई के लिए बीज की मात्रा 100 किलो प्रति हैक्टर रखने की सलाह दी गई है। यह मात्रा खेत की गुणवत्ता और फसल की वृद्धि में सहायक होगी।

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उर्वरक और कीटनाशक का उपयोग

फसल में पोषक तत्वों की पूर्ति के लिए किसानों को 120 किलो नत्रजन, 50 किलो फास्फोरस और 40 किलो पोटाश प्रति हैक्टर की मात्रा देने की सिफारिश की गई है। यदि खेत में दीमक का प्रकोप हो तो बुवाई के समय क्लोरपाईरिफाँस 20 ईसी @ 5 लीटर प्रति हैक्टर की मात्रा पलेवा के साथ डालें। इससे फसल में दीमक का प्रभाव नियंत्रित किया जा सकेगा और फसल स्वस्थ रह सकेगी।

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कृषि विभाग ने किसानों को इन सुझावों पर अमल करते हुए बेहतर फसल उत्पादन की ओर बढ़ने का आह्वान किया है। उच्च गुणवत्ता के बीज, उर्वरक और नियंत्रित कीटनाशक उपयोग से किसानों को लाभ मिलेगा, जिससे उनके उत्पादन और आर्थिक स्थिति में सुधार हो सकता है।

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