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राज्य कृषि समाचार (State News)

गेहूं बेचने के लिए लाइन में किसान, खरीदी केंद्र बने चुनौती- रतलाम

16 अप्रैल 2025, रतलाम: गेहूं बेचने के लिए लाइन में किसान, खरीदी केंद्र बने चुनौती- रतलाम – मध्य प्रदेश में समर्थन मूल्य (MSP) पर गेहूं खरीदी के लिए बनाए गए केंद्रों पर किसानों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। रतलाम के खरीदी केंद्रों पर 3-3 दिन की लंबी प्रतीक्षा और अव्यवस्थाओं ने किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। कई किसान भाड़े पर लिए गए ट्रैक्टर-ट्रॉली के साथ अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं, जिसके लिए उन्हें प्रतिदिन लगभग 2000 रुपये का खर्च वहन करना पड़ रहा है।

रतलाम के करमदी खरीदी केंद्र पर स्थिति बद से बदतर है। किसानों का कहना है कि जिले के अधिकांश खरीदी केंद्रों पर यही हाल है। कई किसानों ने तीन दिन पहले गेहूं बेचने के लिए स्लॉट बुक किया था, लेकिन उनकी फसल अब तक तौली नहीं गई है। नगरा गांव के किसान पुरुषोत्तम पाटीदार ने बताया, “मैं चार दिन से खरीदी केंद्र पर डटा हुआ हूँ, लेकिन गेहूं कब तौला जाएगा, कुछ पता नहीं।” वहीं, किसान राजेश पाटीदार ने कहा, “इतनी परेशानी के बाद तो बेहतर होता कि हम स्थानीय मंडी में कम दाम पर ही गेहूं बेच देते।”

ट्रैक्टर का किराया बढ़ा रहा बोझ

किसान नेता राजेश पुरोहित ने बताया कि जिले में केवल 25% किसानों ने ही गेहूं बेचने के लिए पंजीयन कराया है। इसके बावजूद खरीदी केंद्रों पर इतनी अव्यवस्था है। अगर अधिक किसान पंजीयन करवाएं तो हालात और बिगड़ सकते हैं। कुछ केंद्रों पर किसानों से पैसे मांगे जा रहे हैं, तो कहीं उन्हें हर दिन ट्रैक्टर-ट्रॉली का किराया देना पड़ रहा है।

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भुगतान में देरी, बोनस का इंतजार

खरीदी केंद्रों पर गेहूं तौलने के बाद भी किसानों को भुगतान में देरी का सामना करना पड़ रहा है। एक किसान ने बताया कि उन्हें 2425 रुपये प्रति क्विंटल की दर से भुगतान तो मिल गया, लेकिन मध्य प्रदेश सरकार द्वारा दी जाने वाली बोनस राशि अभी तक नहीं मिली है। भीषण गर्मी के बीच लंबी प्रतीक्षा और अव्यवस्थाओं ने किसानों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं।

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