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राज्य कृषि समाचार (State News)

सतना जिले में धान उपार्जन का कार्य तीन दिवस के लिए स्थगित

30 दिसंबर 2024, सतना: सतना जिले में धान उपार्जन का कार्य तीन दिवस के लिए स्थगित – खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग द्वारा जारी आदेशानुसार खरीफ विपणन वर्ष 2024-25 में समर्थन मूल्य पर 3 लाख 71 हजार किसानों से कुल 24 लाख 39 हजार मे. टन धान उपार्जन किया जा चुका है, जो कि इस अवधि तक विगत वर्ष के उपार्जन की तुलना में 60 प्रतिशत अधिक है।

समर्थन मूल्य पर धान की अत्याधिक आवक होने के कारण उपार्जित धान में से 7 लाख 87 हजार मे. टन धान समिति स्तरीय उपार्जन केन्द्रों एवं 2 लाख 83 हजार मे. टन गोदाम स्तरीय उपार्जन केन्द्रों पर गोदाम में भण्डारण/मिलर्स को प्रदाय किया जाना शेष है। आगामी दिवसों में वर्षा की संभावना को दृष्टिगत रखते हुए उपार्जन केन्द्रों पर उपलब्ध धान के सुरक्षित भण्डारण के लिए 30, 31 दिसंबर 2024 एवं 1 जनवरी 2025 को समर्थन मूल्य पर धान का उपार्जन कार्य स्थगित किया गया है। इस अवधि में धान विक्रय करने के लिए जिन किसानों द्वारा स्लाट बुक किया गया है। उनके स्लाट की वैधता अवधि 5 कार्य दिवस  बढ़ाई  गई है। इसकी सूचना एसएमएस के माध्यम से किसानों को दी जा रही है। 2 जनवरी 2025 से किसानों द्वारा नियमित रूप से धान का विक्रय उपार्जन केन्द्रों पर किया जायेगा। ई-उपार्जन पोर्टल पर पंजीकृत किसानों को समर्थन मूल्य पर धान विक्रय का अवसर देने के लिए उपार्जन की अंतिम तिथि 20 जनवरी से  बढ़ाकर  23 जनवरी 2025 निर्धारित की गई है।

समर्थन मूल्य पर उपार्जित धान को असामयिक  वर्षा से  बचाने , एवं सुरक्षित भण्डारण के लिए उपार्जन केन्द्रों पर भण्डारित धान का शीघ्रता से परिवहन कराकर मिलर्स को प्रदाय/गोदामों में भंडारण  कराने, उपार्जन केंद्रों पर धान के वर्षा से बचाव हेतु समितियों के माध्यम से तिरपाल/ड्रेनेज की व्यवस्था कर धान को कवर  करने , गोदाम में धान की स्टेकिंग  कराने,अनुबंधित तथा अनुबंध न करने वाले मिलर्स  से धान की मात्रा का शीघ्र उठाव करने तथा समर्थन मूल्य पर धान विक्रय करने वाले किसानों के शीघ्र भुगतान हेतु स्वीकृति पत्र शीघ्रता से जारी  कराने के साथ ही संभागायुक्त एवं कलेक्टर द्वारा अपने स्तर पर भी मॉनिटरिंग कर उपार्जित धान को गोदामों में भण्डारण/मिलर्स को प्रदाय 1 जनवरी 2025 तक कराना सुनिश्चित किए जाने के निर्देश दिए गए हैं।

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