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राज्य कृषि समाचार (State News)

किसान DAP की जगह नैनो डीएपी से करें खेती, छत्तीसगढ़ सरकार दे रही ट्रेनिंग और सहायता

10 जुलाई 2025, भोपाल: किसान DAP की जगह नैनो डीएपी से करें खेती, छत्तीसगढ़ सरकार दे रही ट्रेनिंग और सहायता – छत्तीसगढ़ सरकार ने खरीफ 2025 में डीएपी की संभावित कमी को देखते हुए किसानों के लिए नैनो डीएपी और अन्य वैकल्पिक उर्वरकों जैसे एनपीके व एसएसपी की विशेष व्यवस्था की है। राज्य भर की सहकारी समितियों में इन उर्वरकों का पर्याप्त भंडारण कराया गया है, ताकि किसानों को खाद की किल्लत का सामना न करना पड़े।

क्या है नैनो डीएपी?

नैनो डीएपी (Nano DAP) एक आधुनिक, किफायती और तरल उर्वरक है, जो पारंपरिक डीएपी की तुलना में अधिक असरदार है। यह फसलों को आवश्यक पोषक तत्व तेजी से पहुंचाता है। इसकी थोड़ी-सी मात्रा भी एक एकड़ जमीन के लिए पर्याप्त होती है। यह पर्यावरण के लिए सुरक्षित है और मिट्टी की गुणवत्ता को भी नहीं बिगाड़ता।

कैसे घटेगी खेती की लागत?

पारंपरिक डीएपी की एक बोरी की कीमत लगभग ₹1350 होती है, जबकि नैनो डीएपी (600 मि.ली.) का उपयोग कर खर्च घटाकर ₹1275 किया जा सकता है। इसका छिड़काव सीधे फसल पर किया जाता है, जिससे पोषक तत्व जल्दी अवशोषित होते हैं।

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कृषि वैज्ञानिकों ने क्या बताया?

इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, रायपुर के वैज्ञानिकों के मुताबिक, 30 किलो बीज को 150 मि.ली. नैनो डीएपी के घोल से उपचारित करें। रोपाई से पहले थरहा की जड़ों को 250 मि.ली. नैनो डीएपी के घोल में डुबोकर लगाएं। फसल के 30 दिन बाद फिर से 250 मि.ली. नैनो डीएपी का छिड़काव करें।

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किसानों को मिल रही ट्रेनिंग

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देश पर राज्य सरकार प्रशिक्षण और जागरूकता शिविर भी आयोजित कर रही है, जिससे किसान नैनो डीएपी और अन्य विकल्पों का सही इस्तेमाल सीख सकें। कृषि विभाग ने किसानों से अपील की है कि वे नैनो डीएपी, एनपीके और एसएसपी जैसे विकल्पों का इस्तेमाल करें ताकि उत्पादन बेहतर हो और लागत कम लगे।

सरकार का उद्देश्य:

1. किसानों को खाद की कमी से राहत देना
2. खेती को सस्ता, सुरक्षित और टिकाऊ बनाना
3. जैविक और पर्यावरण अनुकूल खेती को बढ़ावा देना

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