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राज्य कृषि समाचार (State News)

धार में कृषि विज्ञान मेले का शुभारंभ, किसानों को आधुनिक खेती, नरवाई प्रबंधन की जानकारी दी जा रही

16 मार्च 2026, धार: धार में कृषि विज्ञान मेले का शुभारंभ, किसानों को आधुनिक खेती, नरवाई प्रबंधन की जानकारी दी जा रही –  सब मिशन ऑन एग्रीकल्चर एक्सटेंशन (आत्मा) योजनान्तर्गत जिला स्तरीय दो दिवसीय कृषि विज्ञान मेला एवं जैविक हाट का शुभारंभ आज श्रीजी आनंदा रिसोर्ट, धार में किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि बृजेश सिंह चौहान, किसान मोर्चा महामंत्री, रतनलाल अमोदिया, कृषक प्रतिनिधि तथा अमोल पाटीदार, जिला प्रतिनिधि भारतीय किसान संघ धार थे। कार्यक्रम में रतनलाल अमोदिया ने कृषकों को संबोधित करते हुए कहा कि जैविक एवं प्राकृतिक खेती को अपनाकर कम लागत में अधिक उत्पादन लिया जा सकता है।

उन्होंने किसानों से अपने परिवार के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने की अपील की।  ब्रजेश सिंह चौहान ने किसानों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि किसानों ने अपना अमूल्य समय निकालकर कृषि मेले में भाग लिया है। उन्होंने किसानों से मेले में लगी कृषि प्रदर्शनी का अवलोकन कर कृषि वैज्ञानिकों से तकनीकी जानकारी प्राप्त करने का आग्रह किया। उन्होंने बताया कि स्वयं भी अपने खेतों के लगभग 50 प्रतिशत क्षेत्र में जैविक एवं प्राकृतिक खेती कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि रासायनिक खेती से भूमि की उर्वरता प्रभावित हो रही है, जबकि प्राकृतिक खेती से इसमें सुधार संभव है। अमोल पाटीदार ने किसानों से नरवाई (फसल अवशेष) नहीं जलाने का आव्हान किया तथा गेहूं के अवशेषों को पाटा चलाकर मिट्टी में मिलाने की सलाह दी। सेवानिवृत्त कृषि वैज्ञानिक नरेन्द्र कुमार ताम्बे ने किसानों को जैविक एवं प्राकृतिक खेती अपनाने के संबंध में प्रशिक्षण दिया। वहीं विद्युत मंत्रालय, भारत सरकार के अंतर्गत नेशनल थर्मल पावर कॉर्पोरेशन (एनटीपीसी) के प्रतिनिधि अभिनव कुमार ने नरवाई प्रबंधन पर विस्तृत व्याख्यान दिया। उन्होंने बताया कि किसान फसल अवशेषों को न जलाकर उनका उपयोग कर अतिरिक्त आय भी प्राप्त कर सकते हैं।

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भविष्य में फसल अवशेष खरीद कर उद्योग स्थापित करने की कार्ययोजना प्रस्तावित है, जिससे किसानों को अतिरिक्त आय के अवसर मिलेंगे। कार्यक्रम में ग्राम लबरावदा के कृषक नरेन्द्र राठौर ने भी अपने अनुभव साझा किए। कार्यक्रम की शुरुआत परियोजना संचालक आत्मा त्रिलोकचंद छावनिया द्वारा मेले के उद्देश्य एवं प्राकृतिक खेती के महत्व की जानकारी देकर की गई। इसके पश्चात उप संचालक कृषि  ज्ञानसिंह मोहनिया ने कृषि विभाग की विभिन्न योजनाओं के बारे में जानकारी दी। 

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इस अवसर पर मंचासीन अतिथियों द्वारा आत्मा योजना अंतर्गत जिला स्तरीय पांच सर्वोत्तम कृषक पुरस्कार विजेताओं को प्रमाण-पत्र, मोमेंटो तथा 25,000 रुपये की प्रोत्साहन राशि डीबीटी के माध्यम से प्रदान की गई। कार्यक्रम का संचालन रामगोपाल शर्मा एवं के.एस. झणिया, उप परियोजना संचालक आत्मा द्वारा किया गया तथा अंत में परियोजना संचालक आत्मा टी.सी. छावनिया ने आभार व्यक्त किया।

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