Weather Update: पूर्वोत्तर में आगे बढ़ा मानसून, दक्षिण भारत में भारी बारिश; कई राज्यों में आंधी-तूफान की चेतावनी
09 जून 2026, नई दिल्ली: Weather Update: पूर्वोत्तर में आगे बढ़ा मानसून, दक्षिण भारत में भारी बारिश; कई राज्यों में आंधी-तूफान की चेतावनी – भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार 9 जून 2026 को दक्षिण-पश्चिम मानसून ने पूर्वोत्तर भारत के शेष हिस्सों, पूरे सिक्किम और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल के कुछ क्षेत्रों में आगे बढ़त दर्ज की है। बीते 24 घंटों के दौरान देश के कई राज्यों में बारिश, तेज आंधी और गरज-चमक का असर देखने को मिला। वहीं राजस्थान के श्रीगंगानगर में देश का सर्वाधिक 45.6 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों के दौरान कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश, तेज हवाओं और ओलावृष्टि की चेतावनी जारी की है।
देशभर में कैसा रहा मौसम?
पिछले 24 घंटों के दौरान तमिलनाडु और कोंकण क्षेत्र में कहीं-कहीं 12 से 20 सेंटीमीटर तक बहुत भारी बारिश दर्ज की गई। वहीं केरल, तेलंगाना, तटीय कर्नाटक, मध्य महाराष्ट्र तथा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भारी वर्षा हुई।
उत्तराखंड, पूर्वी राजस्थान, बिहार, उत्तर प्रदेश, ओडिशा, पश्चिम बंगाल और पश्चिमी मध्यप्रदेश के कई इलाकों में 60 से 120 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं। हरियाणा, छत्तीसगढ़, गुजरात, मध्यप्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी 40 से 60 किमी प्रति घंटे की गति से झोंकेदार हवाएं दर्ज की गईं।
सबसे ज्यादा तापमान कहां रहा?
मौसम विभाग के अनुसार 8 जून को देश का सर्वाधिक अधिकतम तापमान 45.6 डिग्री सेल्सियस राजस्थान के श्रीगंगानगर में रिकॉर्ड किया गया। उत्तर-पश्चिम, मध्य और पूर्वी भारत के कई हिस्सों में तापमान 38 से 44 डिग्री सेल्सियस के बीच बना रहा।
अरुणाचल प्रदेश, पश्चिम उत्तर प्रदेश, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, पूर्वी मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और तमिलनाडु के कई इलाकों में तापमान सामान्य से काफी अधिक दर्ज किया गया। वहीं पंजाब और दिल्ली में भी सामान्य से ऊपर तापमान रिकॉर्ड किया गया।
मौसम की प्रमुख प्रणालियां (सिनॉप्टिक स्थिति)
देशभर में मौसम को प्रभावित करने वाली कई प्रणालियां सक्रिय हैं। उत्तर-पश्चिम और पूर्वी उत्तर प्रदेश के ऊपर चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। बिहार से पश्चिम बंगाल के तटीय क्षेत्रों तक एक ट्रफ रेखा सक्रिय है। इसके अलावा उत्तर आंतरिक कर्नाटक, सिक्किम और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल के ऊपर भी चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है।
मौसम विभाग के अनुसार पंजाब से हरियाणा, उत्तर प्रदेश होते हुए बिहार तक समुद्र तल पर एक ट्रफ रेखा बनी हुई है। वहीं 11 जून से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है, जिससे उत्तर भारत के मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है।
उत्तर भारत का मौसम
देशभर में मौसम को प्रभावित करने वाली कई प्रणालियां सक्रिय हैं। उत्तर-पश्चिम और पूर्वी उत्तर प्रदेश के ऊपर चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। बिहार से पश्चिम बंगाल के तटीय क्षेत्रों तक एक ट्रफ रेखा सक्रिय है। इसके अलावा उत्तर आंतरिक कर्नाटक, सिक्किम और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल के ऊपर भी चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है।
राजस्थान में 11 से 13 जून के बीच धूलभरी आंधी चल सकती है। पूर्वी और पश्चिमी राजस्थान में भी तेज हवाओं के साथ बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं।
मध्य भारत का मौसम
मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और विदर्भ क्षेत्र में 9 से 15 जून तक बारिश और गरज-चमक का दौर जारी रहने की संभावना है। 12 और 13 जून को मध्यप्रदेश के कई हिस्सों में 50 से 70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि की भी चेतावनी जारी की गई है।
पूर्वी भारत का मौसम
बिहार, झारखंड, ओडिशा और पश्चिम बंगाल में अगले कुछ दिनों तक बारिश की गतिविधियां तेज रहने की संभावना है। उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 9 और 10 जून को बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। बिहार और ओडिशा में भी 10 से 13 जून के बीच भारी बारिश हो सकती है।
पूर्वोत्तर भारत का मौसम
अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 9 से 15 जून तक व्यापक बारिश की संभावना है। कई क्षेत्रों में भारी से बहुत भारी बारिश के साथ तेज हवाएं और बिजली गिरने की घटनाएं हो सकती हैं। मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
पश्चिम भारत का मौसम
महाराष्ट्र, कोंकण-गोवा, गुजरात, सौराष्ट्र और कच्छ में मानसूनी गतिविधियां धीरे-धीरे बढ़ रही हैं। कोंकण और गोवा में 9 से 11 जून के बीच भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। मध्य महाराष्ट्र और मराठवाड़ा में भी गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है।
दक्षिण भारत का मौसम
दक्षिण भारत में मानसून सबसे अधिक सक्रिय बना हुआ है। केरल, कर्नाटक, तमिलनाडु, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और लक्षद्वीप में अगले 5 से 7 दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है। केरल, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक और तटीय कर्नाटक के कुछ इलाकों में अत्यधिक भारी वर्षा की चेतावनी भी जारी की गई है।
दिल्ली-एनसीआर का मौसम
दिल्ली-एनसीआर में 9 और 10 जून को आसमान आंशिक रूप से बादलों से घिरा रहेगा। दोपहर और शाम के समय गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। अधिकतम तापमान 42 से 44 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है।
11 जून को मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। शाम और रात के समय हल्की बारिश, गरज-चमक, धूलभरी आंधी और 50 से 70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है।
12 जून को दिल्ली में हल्की से मध्यम बारिश के साथ तापमान में बड़ी गिरावट आ सकती है। अधिकतम तापमान 34 से 36 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है।
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