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फसल की खेती (Crop Cultivation)राष्ट्रीय कृषि समाचार (National Agriculture News)

उच्च उपज वाली फसलों की नई किस्में: पीएम मोदी की पहल से कृषि में सुधार की संभावना

13 अगस्त 2024, नई दिल्ली: उच्च उपज वाली फसलों की नई किस्में: पीएम मोदी की पहल से कृषि में सुधार की संभावना –  प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद में उच्च उपज वाली फसलों की 109 नई किस्मों को लॉन्च किया। इन उन्नत किस्मों के प्रयोग से किसानों को प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने में मदद मिलेगी और उनकी आमदनी में भी वृद्धि होने की उम्मीद है।

इनमें से कुछ प्रमुख किस्में हैं:

बार्नयार्ड बाजरा वीएल मदीरा 254: यह बाजरा की किस्म वर्षा आधारित स्थितियों के लिए उपयुक्त है और 1,719 किलोग्राम प्रति हेक्टेयर तक की औसत उपज देने में सक्षम है। इसके पकने का समय 101 दिन है।

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सीआर धान 108: यह धान की किस्म जल्दी बुवाई और वर्षा आधारित क्षेत्रों के लिए अनुकूल है। इसकी उपज 34.46 क्विंटल प्रति हेक्टेयर तक हो सकती है, और इसकी परिपक्वता का समय 110-114 दिन है।

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पूसा गेहूं गौरव एचआई 8840: यह गेहूं की ड्यूरम किस्म सिंचित स्थितियों के लिए उपयुक्त है। इसकी औसत अनाज उपज 30.2 क्विंटल प्रति हेक्टेयर है। यह किस्म उच्च ताप सहनशीलता, और जस्ता, लौह तथा प्रोटीन से युक्त जैव-प्रबलित है।

केकेएल (आर) 4: यह चावल की किस्म जलमग्न स्थितियों के लिए उपयुक्त है। इन तनाव वाली परिस्थितियों में इसकी औसत उपज 38 क्विंटल प्रति हेक्टेयर होती है, जबकि सामान्य स्थितियों में यह 56 क्विंटल प्रति हेक्टेयर तक उपज देती है।

गन्ना करण 17 Co 17018: यह गन्ना की किस्म हरियाणा, पंजाब, पश्चिमी और मध्य उत्तर प्रदेश, राजस्थान, और उत्तराखंड के लिए अनुशंसित है। इसकी उपज क्षमता 914.8 क्विंटल प्रति हेक्टेयर है। इन उन्नत फसलों की किस्मों के जरिए खेती की उत्पादकता और किसानों की आय में सुधार की उम्मीद है।

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