यूपीएल के प्रोन्यूटिवा प्रोग्राम ने बढ़ाई मूंगफली की पैदावार

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11 नवंबर 2021, अहमदाबाद/राजकोट । यूपीएल के प्रोन्यूटिवा प्रोग्राम ने बढ़ाई मूंगफली की पैदावार यूपीएल लि. के प्रोन्यूटिवा सदा समृद्ध मूंगफली प्रोग्राम ने बेहद आशाजनक परिणाम दिये हैं। मई 2021 में शुरू किये गये, इस प्रोजेक्ट ने फसल पैदावार को आश्चर्यजनक रूप से बढ़ाया है और इस प्रकार किसानों की आमदनी भी बढ़ायी है। इसे दिखाने के लिए, यूपीएल ने अमरेली के रिकाडियागांव में लाइव हार्वेस्ट। डेमॉन्ट्रेशन आयोजित किया, जिसमें 750 से अधिक किसानों, ग्राम सरपंचों और कृषि विभाग के अधिकारियों ने हिस्सा लिया।

पहला पायलट प्रोग्राम 8,500 किसानों के साथ लागू किया गया था, जिसे वर्ष 2020 में गुजरात के प्रमुख मूंगफली क्षेत्रों में किया गया था, जिससे उनकी पैदावार एवं आय में दोगुनी वृद्धि हुई। अब इसे 50 हजार से अधिक किसानों को जोड़ते हुए 2.5 लाख एकड़ से अधिक कृषि-भूमि पर किया गया है। मूंगफली की पैदावार में कुल मिलाकर 50-60 प्रतिशत की वृद्धि हुई है और उससे निकाले जाने वाले तेल की मात्रा में 1 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। इसके अलावा, इसने 35 प्रतिशत की चारा उपज में वृद्धि की, जिससे किसानों की डेयरी आय में सुधार करने में मदद मिली।

पौधों, फलियों की संख्या में वृद्धि

वी गवर्नेंस नॉलेज सर्विसेज प्रा. लि. के परिणामों से पता चला कि कार्यक्रम के तहत ‘ज़ेबा’ और अन्य सभी सेवाओं के उपयोग से, स्वस्थ पौधों की संख्या में 20 प्रतिशत की वृद्धि हुई, पेग संरचनाओं की संख्या में 25 प्रतिशत की वृद्धि हुई, फली की संख्या में 35 प्रतिशत की वृद्धि हुई और इन सभी सुधारों से फलियों का वजन 51 प्रतिशत तक बढ़ गया। जूनागढ़ कृषि विश्वविद्यालय के अध्ययन ने तेल में 1.45 प्रतिशत की वृद्धि, दाने के वास्तविक प्रोटीन में 1.68 प्रतिशत की वृद्धि और कुल कार्बोहाइड्रेट में 0.72 प्रतिशत की वृद्धि का संकेत दिया। ग्रांट थॉर्नटन द्वारा अभी भी एक अध्ययन की प्रक्रिया चल रही है और जल्द ही इसकी रिपोर्ट उपलब्ध होगी।

आशाजनक परिणाम : सवेश कुमार

प्रोग्राम की सफलता के बारे में टिप्पणी करते हुए, यूपीएल लि. के भारत में फील्ड मार्केटिंग प्रमुख, सवेश कुमार ने बताया, ‘गुजरात भारत का एक प्रमुख मूंगफली उत्पादक राज्य है, और इसकी क्षमता देश के किसी भी राज्य की तुलना में सबसे अधिक है। क्षेत्र के किसानों को सफेद-ग्रब संक्रमण, जल प्रबंधन, मिट्टी में पोषक तत्वों की कमी जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। हमारे कार्यक्रम ने बेहद आशाजनक परिणाम दिखाए हैं और हम उम्मीद करते हैं कि पैदावार में वृद्धि जारी रहेगी और इस तरह हमारे देश के किसानों की आजीविका में सुधार होगा।’

किसानों की आय बढ़ाने में भी मदद : आशीष डोभाल

यूपीएल लि. के भारत के क्षेत्रीय प्रमुख, आशीष डोभाल बताते हैं, ‘यूपीएल प्रत्येक फसल को समग्रतापूर्वक एवं टिकाऊ तरीके से बेहतर करने का प्रयास करता है और प्रोन्यूेटिवा सदा समृद्ध प्रोग्राम का भी यही उद्देश्य है।’

किसानों की उत्साहजनक प्रतिक्रिया

अमरेली के इश्वसरिया गांव के मूंगफली किसान, दिनेश भाई रूपाला ने कहा, ‘हम मूंगफली की खेती को छोडऩे की योजना बना रहे थे क्योंकि उपज और आय बहुत कम थी लेकिन सदा समृद्ध परियोजना के तहत यूपीएल टीम की सलाह, सहयोग के कारण हमें न केवल अधिक पैदावार मिल रही है, बल्कि गुणवत्ता बेहतर होने के कारण हमारी फसल की अधिक कीमत भी मिल रही है। चारे की गुणवत्ता और मात्रा में भी वृद्धि हुई है जिससे हमें डेयरी व्यवसाय से अधिक लाभ प्राप्त करने में मदद मिली है।’

रिकाडिया, अमरेली के मूंगफली किसान, रोहित भाई मोवालिया जिनके खेत पर लाइव इवेंट आयोजित किया गया था, उन्होंंने अपना अनुभव साझा करते हुए कहा, ‘प्रोन्यूटिवा सदा समृद्ध कार्यक्रम ने वास्तव में मुझे अपनी फसल की पैदावार बढ़ाने में मदद की। अधिक फसल देने के अलावा मूंगफली की गुणवत्ता भी काफी बेहतर थी।

अमरेली, दाहिदा के हंसराज भाई हप्पाकनी ने बताया, ‘भारत 70 प्रतिशत से अधिक खाद्य तेल आयात कर रहा है, यदि यह परियोजना पूरे भारत में लागू की जाती है, तो हम जल्द ही तेल में आत्मानिर्भर बन सकेंगे।

 

 

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