हाइड्रोपोनिक चारा उत्पादन एक लाभदायी तकनीक
पशु उत्पाद जैसे दूध और मांस की उत्पादन लगत में डेन और चारे का योगदान 60 से 70 प्रतिशत तक है जिसमे 30-35 प्रतिशत योगदान हरे चारे का होता है। देश में हरे चारे की मांग (2010) 816.8 मिलियन टन
नवीनतम उद्यानिकी (Horticulture) सम्बंधित जानकारी और कृषि पद्धतियों में नवाचार, बुआई का समय, बीज उपचार, खरपतवार नियन्तारन, रोग नियन्तारन, कीटो और संक्रमण से सुरक्षा, बीमरियो का नियन्तारन। उद्यानिकी (Horticulture) फसल सम्बंधित समस्या और उनका समाधान। टमाटर, प्याज़, आम, केला, पपीता, तरबूज़, मटर, गोभी, ककड़ी, फूल गोभी, करेला, स्टीविया, जुकिनी (तुरई), कद्दू, करेला, मिर्च, शिमला मिर्च, अरबी, रतालू, कटहल की फसल की खेती की जानकारी और नई किस्मे। ग्लेडियोलस, गुलाब, गेंदे की खेती। उद्यानिकी फसल में कीट नियंतरण एवं रोग नियंतरण। उद्यानिकी फसलों मैं बीज उपचार कैसे करे, बीज उपचार का सही तरीका। मशरुम की खेती, जिमीकंद की खेती, प्याज़ की उपज कैसे बढ़ाए, औषदि फसलों की खेती, जुकिनी की खेती, ड्रैगन फ्रूट की खेती, बैंगन की खेती, भिंडी की खेती, टमाटर की खेती, गर्मी में मूंग की खेती, आम की खेती, नीबू की खेती, अमरुद की खेती, स्ट्रॉबेरी की खेती, पपीते की खेती, मटर की खेती, शक्ति वर्धक हाइब्रिड सीड्स, लहसुन की खेती। शीत लहर में फसलों एवं सब्जियों को कीट-रोगों, पाले से बचाएँ
पशु उत्पाद जैसे दूध और मांस की उत्पादन लगत में डेन और चारे का योगदान 60 से 70 प्रतिशत तक है जिसमे 30-35 प्रतिशत योगदान हरे चारे का होता है। देश में हरे चारे की मांग (2010) 816.8 मिलियन टन
बीज उचित दूरी पर तथा समान रूप से बुवाई की जा सकती है। इस विधि से बीज तथा खाद एक साथ बोये जा सकते हैं । वैज्ञानिक तौर पर यह पूरी तरह सिद्ध हो चुका है कि बाजरा, गेहूं, कपास-गेहूं
पन्ना। ज.ने.कृ.वि.वि. कृषि विज्ञान केन्द्र, पन्ना द्वारा गत दिनों क्लस्टर अग्रिम पंक्ति प्रदर्शन मसूर पर एक दिवस का ग्राम तारा विकासखण्ड-पन्ना में आयोजन किया गया। कार्यक्रम मे डॉ. बी.एस. किरार, वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख, डॉ. आर.के. जायसवाल, डॉ. आर.के. सिंह,
देश में किसानों की बागवानी फसलों के प्रति रुचि वर्ष प्रति वर्ष बढ़ती चली जा रही है इसे एक सकारात्मक बदलाव के रूप में देखा जाना चाहिए। यह किसानों की आय को अगले पांच साल में दुगना करने के ध्येय
खेत का चयन खेत का चयन करते समय यह ध्यान रखें कि वहां पहले दो वर्ष तक गोभी वर्गीय फसल बीज के लिए नहीं उगाई गई हो तथा खेत की मिट्टी दोमट, गहरी, उपजाऊ तथा पानी निकास अच्छा होना चाहिए।
कीटनाशकों के तकनीकी नाम और उनकी विशेषताएं रसायनिक कार्यविधि संरूपण मात्रा/हे. फसल नियंत्रित होने वाले कीट डायकोफॉल सम्पर्क मकड़ीनाशक 18.5 ईसी 1250-2000 मि.ली. कपास, सब्जियां, धनिया, तिलहन,अंगूर सूक्ष्म
पीसीपीए (पेरा क्लोरो फिनॉक्सी एसिटिक एसिड):- टमाटर की फसल में मुख्यत: इसका उपयोग किया जाता है। टमाटर में पौधों में 50-100 पीपीएम मात्रा का छिड़काव करने से तापमान कि प्रतिकूल दशाओं में भी फलन को बढ़ाता है। 2,4- डी (2,4-
मुख्यमंत्री खेत तीर्थ अंतर्गत ग्राम सातपायरी रोड स्थित चौहान कृषि फार्म एवं नर्सरी में कम लागत द्वारा फसल उत्पादन का प्रयास किया जा रहा है । यहां पर गन्ना कटाई उपरान्त पत्ती का शुगरकेन लीफ कटर मशीन के माध्यम से
पौधशाला हेतु स्थान का चुनाव पौधशाला या नर्सरी हमेशा ऊंचे स्थान पर तैयार करें जिसमें पानी ना भर सके तथा उसका उचित जल निकास हो सके। नर्सरी के नजदीक छायादार वृक्ष नहीं होने चाहिए। नर्सरी की भूमि बलुई, दोमट व
म.प्र. के विभिन्न कृषि जलवायु क्षेत्रों हेतु सोयाबीन की उपयुक्त प्रजातियाँ क्र. कृषि जलवायु क्षेत्र जिले उपयुक्त प्रजातियां 1 छत्तीसगढ़ का मैदान बालाघाट तथा वारासिवनी जे.एस. 335, जे.एस. 93-05,जे.एस. 95-60, जे.एस. 97-52, जे.एस. 20-34, जे.एस. 20-29,,20-69. 2 कैमोर का पठार