राज्य कृषि समाचार (State News)

छतरपुर जिले में महिलाओं को मिली आत्मनिर्भरता की नई राह  

22 जनवरी 2026, छतरपुर: छतरपुर जिले में महिलाओं को मिली आत्मनिर्भरता की नई राह – मध्य प्रदेश सरकार महिलाओं को आत्मनिर्भर एवं आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए लगातार प्रयासरत है। इसी का उदाहरण है कि जिले के जनपद बड़ामलहरा में शासन की महत्वाकांक्षी योजना “एक बगिया माँ के नाम” महिलाओं के जीवन में आत्मनिर्भरता और सशक्तिकरण की नई कहानी लिख रही है। योजना के अंतर्गत स्व सहायता समूह से जुड़ी 96 महिलाओं के बगिया कार्य प्रारम्भ कराए गए हैं, जिससे ग्रामीण महिलाओं को स्थायी आजीविका का मजबूत आधार मिल रहा है।

इस योजना में प्रति बगिया 2.76 लाख रुपये की लागत से तीन वर्षों के लिए कार्य स्वीकृत किया गया है। इसमें तार फेंसिंग, गड्ढा खुदाई, पौधरोपण, पौधों की लागत, जलकुंड निर्माण, खाद, सिंचाई एवं सुरक्षा व्यवस्था शामिल है। बगिया से संबंधित समस्त कार्य हितग्राही स्वयं करती हैं तथा भुगतान भी सीधे हितग्राही को ही किया जाता है, जिससे महिलाओं की आर्थिक भागीदारी और निर्णय क्षमता सुदृढ़ हो रही है।योजना के माध्यम से महिलाओं को स्वावलंबी बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाए गए हैं। तीन वर्षों के पश्चात पौधे फल देने लगेंगे, जिससे फल उत्पादन के माध्यम से सतत एवं निश्चित आजीविका का स्रोत विकसित होगा। हितग्राहियों द्वारा स्थानीय जलवायु एवं मिट्टी के अनुरूप अमरूद, आम, नींबू, कटहल, आंवला सहित विभिन्न फलदार पौधों का रोपण किया गया है।

पंचायत बमनौरा कला की हितग्राही श्रीमती कितवा, पति श्री हनुमत सिंह, रानी लक्ष्मीबाई स्व सहायता समूह की सदस्य हैं। उन्होंने अपनी बगिया में 110 अमरूद के पौधे लगाए हैं। श्रीमती कितवा बताती हैं कि वर्तमान में वे पौधों के साथ-साथ उसी खेत में गेहूं की खेती भी कर रही हैं। गेहूं कटने के बाद पौधों के बीच खाली स्थान पर सब्जी उत्पादन करने की योजना है, जिससे उन्हें खेती और बगिया से दोहरे लाभ प्राप्त होंगे।श्रीमती कितवा का कहना है कि सरकार की इस योजना ने उन्हें आत्मविश्वास दिया है। तीन वर्षों बाद जब बगिया फलों से लद जाएगी, तब फलों की बिक्री से उन्हें अच्छा लाभ मिलेगा और परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। कुल मिलाकर, “एक बगिया माँ के नाम” योजना जनपद बड़ामलहरा में महिलाओं को आत्मनिर्भर, स्वावलंबी और सशक्त बनाने की दिशा में एक प्रभावी पहल साबित हो रही है।

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