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राज्य कृषि समाचार (State News)

मध्यप्रदेश में बेमौसम बारिश, ओलावृष्टि से फसलें बर्बाद, गेहूं-चने को खासा नुकसान

 मुख्यमंत्री ने कहा – किसान भाई – बहन चिंता ना करें, राहत राशि मिलेगी

07 मार्च 2023, भोपाल: मध्यप्रदेश में बेमौसम बारिश, ओलावृष्टि से फसलें बर्बाद, गेहूं-चने को खासा नुकसान – मध्यप्रदेश में बेमौसम बारिश, ओलावृष्टि और तेज आंधी से फसलें बर्बाद हो गई हैं। किसानों की माने तो अभी तक 70 फीसद फसल खेतों में ही खड़ी है। मंदसौर, रतलाम, राजगढ़, शाजापुर, सीहोर, भोपाल समेत कई जिलों में गेहूं-चने की फसलें बिछ गई हैं। फसलों को खासा नुकसान पहुंचा है। मौसम विभाग ने अगले तीन दिन तक तेज आंधी के साथ बारिश और ओले गिरने की संभावना जताई है। वहीं मुख्यमंत्री श्री  शिवराज सिंह चौहान ने किसानों को राहत देते हुए कहा किसान भाई बहन चिंता ना करें। जल्दी ओलावृष्टि से हुई फसलों के नुकसान का सर्वे कराया जाएगा और इसके साथ ही राहत राशि उपलब्ध कराई जाएगी।

प्रदेश में पिछले 3 दिन से मौसम बदला हुआ है। प्रदेश में लगभग आधे जिले तरबतर हो गए हैं। गत सोमवार को राजधानी में तेज बारिश के साथ ओले गिरे। मंदसौर शहर, मंदसौर जिले के पिपलियामंडी और मल्हारगढ़ में मक्के के आकार के ओले गिरे। यहां फसलों की डोडियां टूट गईं। अफीम की फसल के  पत्ते भी टूट गए। रतलाम के नगरा, प्रीतमनगर सहित कई इलाकों में ओले गिरने से फसलें झुक गईं। नीमच में डेढ़ घंटे में डेढ़ इंच बारिश हुई। यहां सड़कों पर बारिश का पानी बह निकला। जिले में कई स्थानों पर ओले भी गिरे। फसलों को नुकसान पहुंचा है। राजगढ़, उज्जैन, छिंदवाड़ा, विदिशा में भी बारिश हुई।

जानकारी के मुताबिक शाजापुर के रानी बड़ौद में सबसे ज्यादा बारिश रिकॉर्ड की गई है। तेज हवा और ओले गिरने से गेहूं चना और मसूर सहित रबी की फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। इसके साथ ही अब कटाई के लिए तैयार फसलों को भी नुकसान पहुंचने का अनुमान लगाया गया है।

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इसी बीच कृषि मंत्री श्री कमल पटेल ने किसानों से अपील की है कि किसान भाई को घबराने की जरूरत नहीं है, संकट के समय में सरकार उनके साथ खड़ी है। किसी भी प्रकार के नुकसान की भरपाई सरकार करेगी। इसके साथ ही सभी जिला कलेक्टरों को निर्देश जारी किया गया। जिसमें कहा गया कि नुकसान का सर्वे तत्काल रुप से करवा कर इसकी रिपोर्ट पेश की जाए ताकि किसानों के नुकसान की भरपाई की जा सके।

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मौसम वैज्ञानिक ने बताया कि भोपाल, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगोन, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, इंदौर, रतलाम, उज्जैन, देवास, शाजापुर, आगर-मालवा, गुना, अशोकनगर, अनूपपुर, शहडोल, उमरिया, छिंदवाड़ा, दमोह, सागर, छतरपुर में कहीं तेज तो कहीं रिमझिम बारिश हो सकती है। यहां हवा की रफ्तार भी सामान्य से ज्यादा हो सकती है। मौसम विभाग के अनुसार साउथ वेस्ट राजस्थान में प्रेरित चक्रवात बना हुआ है। इसके अलावा उत्तर भारत में पश्चिमी विक्षोभ भी सक्रिय है। इस कारण एक्टिविटी हो रही है। वहीं, साउथ कोंकण से लेकर सेंट्रल छत्तीसगढ़ तक ट्रफ लाइन गुजर रही है। इसी की वजह से मौसम बदला है।

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