रायसेन महोत्सव में छाई PZTM तकनीक, जानिए क्या है ये और किसानों के लिए क्यों है फायदेमंद
14 अप्रैल 2026, रायसेन: रायसेन महोत्सव में छाई PZTM तकनीक, जानिए क्या है ये और किसानों के लिए क्यों है फायदेमंद – मध्यप्रदेश के रायसेन जिले में आयोजित तीन दिवसीय उन्नत कृषि महोत्सव-2026 में इस बार एक नई कृषि तकनीक ने किसानों का खास ध्यान खींचा। PZTM (जीरो टिलेज और मल्च आधारित आलू उत्पादन तकनीक) को लेकर किसानों में उत्सुकता और रुचि साफ तौर पर देखने को मिली। पराली जलाने की बढ़ती समस्या के बीच यह तकनीक एक व्यवहारिक और टिकाऊ विकल्प के रूप में उभर रही है।
प्रदेश के कई इलाकों में पराली जलाने से वायु प्रदूषण, मिट्टी की गुणवत्ता में गिरावट और स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं सामने आ रही हैं। ऐसे में PZTM तकनीक किसानों को पराली जलाने के बजाय उसका उपयोग करने का नया तरीका सिखा रही है, जिससे पर्यावरण को नुकसान कम होता है और खेती भी अधिक लाभकारी बनती है।
क्या है PZTM तकनीक?
PZTM यानी “Potato Zero Tillage with Mulch” एक उन्नत खेती पद्धति है, जिसमें बिना जुताई किए आलू की खेती की जाती है। इसमें धान की पराली को खेत में ही बिछाकर मल्च के रूप में इस्तेमाल किया जाता है। यह तरीका न केवल लागत घटाता है, बल्कि मिट्टी की संरचना और नमी को भी बनाए रखने में मदद करता है।
कैसे काम करती है यह तकनीक?
इस तकनीक को अंतर्राष्ट्रीय आलू केंद्र (International Potato Center) के सहयोग से बढ़ावा दिया जा रहा है। वैज्ञानिकों के अनुसार, पराली को मल्च के रूप में उपयोग करने से मिट्टी में नमी लंबे समय तक बनी रहती है, खरपतवार की वृद्धि कम होती है, पोषक तत्वों का संरक्षण होता और जुताई की लागत भी बचती है।
कृषि महोत्सव में दिखा किसानों का उत्साह
रायसेन में आयोजित महोत्सव के दौरान बड़ी संख्या में किसान इस तकनीक को समझने के लिए पहुंचे। CIP-साउथ एशिया रीजनल सेंटर के स्टॉल पर किसानों ने इसे करीब से देखा और इसे अपनाने में रुचि दिखाई। कई किसानों ने इसे कम लागत और अधिक उत्पादन देने वाला विकल्प बताया।
उन्नत किस्मों ने भी खींचा ध्यान
महोत्सव में आलू की उन्नत किस्मों का भी प्रदर्शन किया गया। इनमें ‘कुफरी उदय’ किस्म खास आकर्षण का केंद्र रही, जो जल्दी तैयार होने वाली और बेहतर पोषण गुणों वाली मानी जाती है।
सरकार और विशेषज्ञों की नजर
कार्यक्रम के दौरान मध्यप्रदेश के उद्यानिकी मंत्री Narayan Singh Kushwah ने भी इस तकनीक का अवलोकन किया और इसमें रुचि दिखाई। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि इसे बड़े पैमाने पर अपनाया जाए, तो यह पराली जलाने की समस्या को काफी हद तक कम कर सकती है।
किसानों के लिए क्यों फायदेमंद है PZTM?
PZTM तकनीक कई स्तरों पर किसानों के लिए लाभकारी साबित हो रही है:
– पराली जलाने की जरूरत खत्म होती है।
-खेती की लागत कम होती है।
-उत्पादन में सुधार होता है।
-मिट्टी की उर्वरता बनी रहती है।
-पर्यावरण संरक्षण में मदद मिलती है।
आपने उपरोक्त समाचार कृषक जगत वेबसाइट पर पढ़ा: हमसे जुड़ें
> नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़, व्हाट्सएप्प
> कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें
> कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: E-Paper
> कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: Global Agriculture

