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राज्य कृषि समाचार (State News)

ऑयल पाम खेती से किसानों को मिलेगा 30 सालों तक निरंतर मुनाफा

14 अगस्त 2025, भोपाल: ऑयल पाम खेती से किसानों को मिलेगा 30 सालों तक निरंतर मुनाफा – छत्तीसगढ़ के गौरेला पेंड्रा मरवाही जिले के किसानों के लिए ऑयल पाम की खेती सुनहरा अवसर लेकर आई है। इस खेती से किसानों को कम मेहनत और कम लागत में अधिक मुनाफा मिलेगा। इससे उनकी आर्थिक स्थिति बेहतर होगी और जीवन में खुशहाली आएगी। स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल और मरवाही विधायक प्रणव कुमार मरपची ने गौरेला विकासखण्ड के करगीखुर्द में ऑयल पाम के पौधे लगाकर किसानों को इसके लाभ बताए।

भारत सरकार ने खाद्य तेलों के उत्पादन को बढ़ाने, किसानों की आय बढ़ाने और आयात पर निर्भरता कम करने के लिए राष्ट्रीय खाद्य तेल मिशन शुरू किया है। इसी अभियान के तहत वन अधिकार पट्टा धारक 13 आदिवासी किसानों के 15 हेक्टेयर क्षेत्र में पहली किश्त में 1250 ऑयल पाम के पौधे लगाए गए हैं। यहां प्रति हेक्टेयर 143 के मान से कुल 2145 पौधे लगाए जाने हैं।

ऑयल पाम खेती के फायदे

ऑयल पाम की खेती से हर एकड़ में सालाना 10 से 12 टन उत्पादन होता है। इसमें मजदूरों की जरूरत कम होती है और पौधों को बीमारी लगने की संभावना भी कम होती है, जिससे दवाईयों पर खर्च भी कम आता है। ऑयल पाम की फसल 4 साल में उत्पादन देने लगती है और इसके लिए बाजार भी उपलब्ध है।

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सरकार का सहयोग और सुविधाएं

ऑयल पाम खेती के लिए सरकार मूल्य निर्धारण करती है और फसल की खरीद के लिए संग्रहण केंद्र की सुविधा भी देती है। किसान सीधे कमीशन एजेंट से बच जाते हैं। इसके अलावा, उन्हें मुफ्त तकनीकी सहायता, विशेषज्ञों द्वारा निरीक्षण, परिक्षण और निरंतर सहयोग भी मिलता है। यह खेती बहुवर्षीय होती है और 25 से 30 साल तक लगातार उत्पादन देती है। सरकार की तरफ से आर्थिक सहायता (सब्सिडी) भी मिलती है जिससे किसानों का खर्च कम होता है।

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