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पशुपालन (Animal Husbandry)राज्य कृषि समाचार (State News)

अब घर बैठे इलाज पाएंगे पशु, टोल-फ्री नंबर 1962 पर कॉल करते ही पहुंचेगी वेटनरी टीम

10 जुलाई 2025, बिलासपुर: अब घर बैठे इलाज पाएंगे पशु, टोल-फ्री नंबर 1962 पर कॉल करते ही पहुंचेगी वेटनरी टीम -पशुपालकों के लिए राहत भरी खबर है। अब उन्हें अपने पशुओं के इलाज के लिए अस्पताल जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। छत्तीसगढ़ सरकार के पशु चिकित्सा विभाग ने मोबाइल वेटनरी यूनिट्स (MVU) के माध्यम से घर पहुंच पशु चिकित्सा सेवा शुरू की है। इस योजना के तहत बिलासपुर जिले में 6 मोबाइल यूनिट्स तैनात की गई हैं। इन यूनिट्स में पशु चिकित्सक, पैरावेट स्टाफ और जरूरी दवाइयों का स्टॉक मौजूद है। जरूरत पड़ने पर ये टीमें पशुपालकों के दरवाजे पर पहुंचकर पशुओं का इलाज कर रही हैं।

टोल-फ्री नंबर 1962 पर करें कॉल

पशु चिकित्सा विभाग ने एक टोल-फ्री नंबर- 1962 जारी किया है। कोई भी पशुपालक इस नंबर पर कॉल करके सेवा ले सकता है। कॉल मिलते ही संबंधित मोबाइल वेटनरी यूनिट निर्धारित स्थान पर पहुंच जाती है और मौके पर ही चिकित्सा, दवाई और जरूरी परामर्श देती है।

सेवा का समय

मोबाइल यूनिट्स का संचालन हर दिन सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक किया जा रहा है। इस सुविधा के तहत दूर-दराज़ के गांवों में भी पशु चिकित्सा पहुंचाई जा रही है, जिससे खासकर ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले पशुपालकों को बड़ी राहत मिल रही है।

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विभाग की अपील

पशु चिकित्सा विभाग ने पशुपालकों से अपील की है कि वे किसी भी पशु संबंधी बीमारी या आपात स्थिति में तुरंत 1962 पर कॉल करें और इस सुविधा का अधिक से अधिक लाभ उठाएं।
इस पहल का उद्देश्य पशुओं के स्वास्थ्य में सुधार, मृत्यु दर में कमी और पशुपालकों की आमदनी में वृद्धि करना है। खासकर जब पशुओं को समय पर उपचार नहीं मिल पाता, तो पशुपालकों को आर्थिक नुकसान झेलना पड़ता है। यह सेवा उस चुनौती को खत्म करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।

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