राज्य कृषि समाचार (State News)

म.प्र. की जलवायु कृषि उद्योगों के अनुकूल

उद्यानिकी विभाग एवं आईएफसी की राउंड डेबल कांफ्रेंस

22 जुलाई 2023, भोपाल: म.प्र. की जलवायु कृषि उद्योगों के अनुकूल – कृषि से संबंधित उद्योग लगाने के लिए म.प्र. सरकार कंपनियों को पूरा सहयोग करेगी। यहां की जलवायु अनुकूल, जमीन उपजाऊ तथा बिजली सिंचाई की भरपूर उपलब्धता है। कृषि आज भी देश की अर्थव्यवस्था को सशक्त करने का महत्वपूर्म साधन है। यह विचार प्रदेश के कृषि मंत्री श्री कमल पटेल ने भोपाल में उद्यानिकी विभाग एवं आईएफसी की पहली राउंड टेबल कांफ्रेंस में व्यक्त किए। यह कांफ्रेंस उद्यानिकी एवं अन्य सम्बद्ध क्षेत्रों में नई तकनीकों पर केन्द्रित थी। कॉन्फ्रेंस में फूड प्रोसेसिंग एण्ड मशीनरी, मार्केटिंग लिंकेज, नर्सरी डेवलपमेंट, पोस्ट हार्वेस्ट मैनेजमेंट और मॉडर्न टेक्नोलॉजी (इक्विपमेंट एवं टूलस एण्ड इनोवेशन्स) चर्चा के लिए विभिन्न सत्र आयोजित किए गए।

कॉन्फेंस में एसीएस उद्यानिकी श्री जे.एन. कंसोटिया, एसीएस कृषि श्री अशोक वर्णवाल, सचिव एमएसएमई श्री पी. नरहरि, सीईओ एसआरएलएम श्री एलएम बेलवाल, संचालक उद्यानिकी श्रीमती निधि निवेदिता, ऐग-टेक सोल्यूशन कंपनीज, कृषि वैज्ञानिक, विभागीय अधिकारी, प्रगतिशील कृषक, विषय-विशेषज्ञ सहित उद्यान अधिकारी एवं तकनीकी स्टाफ मौजूद रहा।

प्रदेश के अपर मुख्य सचिव कृषि श्री अशोक बर्णवाल ने कहा कि कृषि को पूर्णत: व्यापार बनाना होगा, इसके लिए किसानों को समय पर नई तकनीकों की जानकारी देने के साथ-साथ मशीनरी का प्रयोग करना जरूरी है जिससे समय एवं श्रम की बचत होगी। उन्होंने कहा कि गूगल की तर्ज पर कस्टम हायरिंग सेन्टर को बनाना तथा उर्वरक जैसे उपयोगी आदान की होम डिलवरी जैसा मॉडल तैयार करना होगा। इसके साथ ही एफपीओ को सुविधाएं देनी होगी।

उत्तर प्रदेश के एपीसी श्री मनोज कुमार सिंह ने कहा कि किसान को मौसम और मूल्य की जानकारी मिलना जरूरी है।

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आईएएस के सलाहकार श्री हेमन्द्र माथुर ने कहा कि देश में लगभग 3000 स्र्टाअप है। सबी आगे बढऩे को प्रयासरत हैं। इसके लिए नई तकनीकों की जानकारी उन्हें समय पर मिलना चाहिए। साथ ही गुणवत्तायुक्त आदान मिलने पर उनमें शीघ्र बदलाव आएगा।

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तकनीकी सत्र

कृषि उद्यानिकी तकनीक की प्रथम राउण्ड टेबल कॉन्फ्रेंस के तकनीकी सत्र में कृषि उद्यानिकी तकनीकी संस्थाओं के 19 विशेषज्ञों द्वारा विषयवार प्रस्तुतिकरण दिया गया। तकनीकी सत्र में 4 क्षेत्रों पर थीमेटिक सेशन हुआ। इनमें मार्केट लिंकेज, मॉडर्न टेक्नोलॉजी, फूड प्रोसेसिंग और पोस्ट हार्वेस्ट मैनेजमेंट शामिल थे।

थीमेटिक सेशन में देश के विभिन्न राज्यों से आये हुए एग्टेक्स स्टार्ट-अप कम्पनी के प्रतिनिधियों द्वारा प्रस्तुतिकरण दिया गया। कृषि, उद्यानिकी, नाबार्ड आदि के वरिष्ठ अधिकारियों ने तकनीकी सत्र में भाग लेकर विभिन्न विषयों पर चर्चा की। सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय, पशुपालन, सहकारिता, मण्डी बोर्ड, कृषि और प्र-संस्कृत खाद्य उत्पाद, निर्यात विकास प्राधिकरण (एपीडा), केन्द्रीय कृषि अभियांत्रिकी संस्थान, भारतीय वाणिज्य एवं उद्योग महासंघ (फिक्की), दलित इंडियन चेम्बर्स ऑफ कॉमर्स एण्ड इण्डस्ट्रीज, आईएसईडी, कन्फेडरेशन ऑफ इंडियन इंडस्ट्री, राज्य ग्रामीण एवं शहरी ग्रामीण आजीविका मिशन, एफपीओ, एसएचजी के 200 से अधिक प्रतिनिधियों ने भाग लिया।

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