राज्य कृषि समाचार (State News)

रबी सीजन में मालवा-निमाड़ की बिजली मांग 7 हजार मेगावाट तक पहुंचेगी

31 अगस्त 2023, इंदौर: रबी सीजन में मालवा-निमाड़ की बिजली मांग 7 हजार मेगावाट तक पहुंचेगी – मध्य प्रदेश पश्चिम क्षेत्र बिजली वितरण कंपनी रबी सीजन की प्रभावी तैयारी कर रही है। सभी 15 जिलों में एक ओर जहां कृषि फीडरों एवं संबंधित ग्रिडों का मेंटेनेंस क्रमबद्ध किया जा रहा है, वहीं लगभग 16000 ट्रांसफार्मरों का भी स्टॉक निर्धारित किया गया है। इस बार रबी सीजन में अधिकतम मांग 7000 मेगावाट के करीब पहुंचेगी।

मध्यप्रदेश पश्चिम क्षेत्र बिजली वितरण कंपनी के प्रबंध निदेशक श्री अमित तोमर ने बताया कि रबी का सीजन प्रायः सितंबर से प्रारंभ होता है। इसीकी  तैयारी मुख्यालय के अलावा, रीजन, जिलों में की जा रही है। श्री तोमर ने बताया कि पिछले सीजन में अधिकतम मांग 6800 मेगावाट तक पहुंची थी, इस वर्ष मांग 7000 मेगावाट के करीब पहुंचने के मद्देनजर विस्तृत तैयारी की जा रही है। श्री तोमर ने बताया कि ग्रिड, लाइनों के मेंटेनेंस के साथ ही ट्रांसफार्मर की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की गई है। रबी सीजन के लिए इस वर्ष ट्रांसफार्मरों का 16 हजार की संख्या में स्टॉक रखा गया हैं। रबी सीजन के लिए प्रत्येक जिले में स्थाई, अस्थाई ट्रांसफार्मर डिपो क्रियाशील रहेगा।

श्री तोमर ने बताया कि मालवा निमाड़ में सिंचाई करने वाले किसानों की संख्या साढ़े तेरह लाख है। इन सभी को प्रतिदिन दस घंटे बिजली उपलब्ध कराई जाएगी। श्री तोमर ने बताया कि कंपनी क्षेत्र में इंदौर, धार, रतलाम, खरगोन, उज्जैन, मंदसौर, देवास जिले में सिंचाई करने वालों की संख्या 90 हजार से लेकर 1.60 लाख तक है। अन्य जिलों में 35 हजार से लेकर 85 हजार सिंचाई करने वाले किसान हैं। रबी सीजन में पिछले वर्षों की मांग – 2022-23  –  6800 मेगावाट , 2021-22  –  6300 मेगावाट , 2020-21 –  6100 मेगावाट , 2019-20  –  5800 मेगावाट।

Advertisements
Advertisement
Advertisement

(नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़,  टेलीग्राम )

Advertisement
Advertisement
Advertisements
Advertisement
Advertisement