सोशल मीडिया की खबरों से रहें सावधान

Share

12 फरवरी 2022, इंदौर ।  सोशल मीडिया की खबरों से रहें सावधान – सोशल मीडिया पर सच्ची -झूठी कई तरह की खबरें देखने को मिलती है ,जिन पर एक दम से यकीन करना सही नहीं है। हाल ही में सोशल मीडिया पर एक नन्हें बालक का वीडियो सामने आया जो रैलिंग पकड़े आगे बढ़ रहा है , जबकि पीछे बांध से बहते पानी का दृश्य दिखाया गया था। यह दृश्य बालक के गिरने के भय के साथ सनसनी पैदा कर रहा था। इसी वीडियो में आगे निर्माता द्वारा  ऐसे दृश्य बनाने का खुलासा कर स्पष्ट भी किया गया कि कैसे ऐसे दृश्य बनाकर उन्हें फिट किया जाता है, ताकि लोगों की पसंद को पाया जा सके। इस वीडियो में भी सोशल मीडिया की भ्रामक खबरों से बचने की हिदायत दी गई थी।  

इसी तरह गत माह पाकिस्तान में अंडे की खेती करने वाला वीडियो  देश -विदेश में खूब वायरल हुआ और हज़ारों लोगों द्वारा देखा गया था। इस वीडियो का देश के एक प्रसिद्ध चैनल पर विश्लेषण कर उसकी पोल खोली गई थी। उक्त वीडियो में किसान द्वारा खेत से अंडे तोड़कर उन्हें फोड़कर भी दिखाया गया था। दरअसल  किसान द्वारा हाथ की चालाकी दिखाकर पहले से ही खेत में छुपाए अंडों को फोड़कर दिखाया गया था ,जबकि वस्तुतः वहां सफ़ेद बैंगन की खेती की जा रही थी।  कल ही वाट्सएप पर  जुगाड़ की बुवाई मशीन से सूखे खेत में सोयाबीन की बुवाई वाले  कैप्शन के साथ वीडियो वायरल हो रहा था। जब इस वीडियो की पड़ताल की गई तो यह दृश्य पहले की गई डॉलर चने की बुवाई का था, जबकि सन्देश में सूखे खेत में सोयाबीन की बुवाई बताई जा रही थी। ऐसी कई खबरें और दृश्य होते हैं जो वास्तविक नहीं होते हैं । इसलिए इनको भेजे जाने के समय और तत्कालीन परिस्थिति पर भी ध्यान देने की ज़रूरत है।

अतः सभी लोगों से अनुरोध है कि सोशल मीडिया पर आए किसी सन्देश ,फोटो ,वीडियो या खबरों को लेकर सावधान रहें और बिना विचारे उसे वायरल न करें। जहाँ तक सम्भव हो उसकी सच्चाई का पता लगाएं।  आपकी ऊँगली के ज़रा से स्पर्श से भेजी ऐसी झूठी खबरें घर,परिवार , समाज और देश के लिए घातक भी बन सकती है। अतः सावधानी रखें और विश्वसनीय खबरों के लिए अख़बार पढ़ते रहें।

महत्वपूर्ण खबर: किसानों को 49 लाख दावों का रु. 7,600 करोड़ भुगतान

Share
Advertisements

Leave a Reply

Your email address will not be published.