यूपीएल और टेलीसेंस के मध्य किसानों का मुनाफा बढ़ाने हेतु गठबंधन

व्हाट्सएप या फेसबुक पर शेयर करने के लिए नीचे क्लिक करें

8 फरवरी 2021, मुंबई। यूपीएल और टेलीसेंस के मध्य किसानों का मुनाफा बढ़ाने हेतु गठबंधन – यूपीएल लि. ने फसल कटाई के बाद अनाज के भंडारण एवं परिवहन में क्रांतिकारी बदलाव लाने वाली, कैलिफोर्नियाई आईओटी (इंटरनेट ऑफ थिंग्सन) अन्वेषक, टेलीसेंस के साथ एक महत्वनपूर्ण करार किया है। यूपीएल, कृषि-मूल्य श्रृंखला के अनेकानेक हिस्साधारकों को फसल-कटाई के बाद कमोडिटी के भंडारण एवं परिवहन हेतु निगरानी समाधान लाकर टेलीसेंस को इसके सेल्सट चैनल को मजबूत बनाने में मदद देगा।

यपीएल के मुख्यई कार्यकारी अधिकारी श्री जय श्रॉफ ने कहा, हमारे ओपन एजी पर्पस के जरिए, हम किसानों की सहन क्षमता बढा़ते हुए अन्न की बर्बादी कम करने में सहायता करने हेतु नये-नये पार्टनर्स के साथ सहयोग करते हैं। अनाज की बर्बादी के चलते साल भर में वैश्विक खाद्यान्न उत्पानदन का लगभग एक-तिहाई हिस्सा नष्ट हो जाता है, ऐसे में हमारी इंडस्ट्री की इस गंभीर समस्या को नजरंदाज नहीं किया जा सकता है। टेलीसेंस के साथ हमारे करार के जरिए अधिक क्षमतापूर्ण, आंकड़ा-आधारित सप्लाई चेन का निर्माण कर सकेंगे जिससे नये तरीके से अनाज का भंडारण, प्रबंधन एवं परिवहन किया जा सकेगा जिससे अनाज की बर्बादी कम होगी, खाद्यान्न की गुणवत्तास बढ़ेगी और यह अधिक समय तक टिके रह सकेगा।

टेलीसेंस के सह-संस्था पक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी, श्री नईम ज़ाफर ने बताया, यूपीएल के साथ हमारी साझेदारी अन्न की बर्बादी कम करने, खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने, आपूर्ति श्रृंखला टिकाऊपन प्रदान करने और उत्पादकों की लाभदेयता बढ़ाने के अपूर्व संकल्प को दर्शाता है। खाद्य आपूर्ति श्रृंखला लगातार विकसित हो रही है और अधिक जटिल बनती जा रही है। ऐसे में इस तरह के क्रांतिकारी नवाचार जरूरी है जिससे बदलाव के अनुरूप समाधान प्रदान किये जा सकें, और टेलीसेंस, फसल-कटाई बाद के अन्न प्रबंधन हेतु अग्रणी समाधान प्रदान करने में विशिष्ट रूप से सक्षम है।

यपीएल की पोर्टफोलियो में टेलीसेंस टेक्नो लॉजी को शामिल किये जाने से गैस मॉनिटरिंग, सुरक्षा एवं पहचान उपकरणों व फ्यूमिगेंट्स की इसकी मजबूत रेंज परिपूर्ण हो जाती है
यूपीएल और टेलीसेंस की साझेदारी, संयुक्त राष्ट्र के टिकाऊ विकास लक्ष्यों (एसडीजी) को समर्थन देने और अनाज के एक-एक दाने को अधिक टिकाऊ बनाने के यूएन के मिशन को पूरा करने के अनुरूप है

व्हाट्सएप या फेसबुक पर शेयर करने के लिए नीचे क्लिक करें
Advertisements

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Open chat
1
आपको यह खबर अपने किसान मित्रों के साथ साझा करनी चाहिए। ऊपर दिए गए 'शेयर' बटन पर क्लिक करें।