इंदौर जिले में पंजीयन के लिये 61 केन्द्र बनाए

Share

समर्थन मूल्य पर गेहूं की बिक्री के लिये पंजीयन 5 फरवरी से शुरू

2 फरवरी 2022, इंदौर । इंदौर जिले में पंजीयन के लिये 61 केन्द्र बनाए –  ऐसे किसान जो अपना गेहूं समर्थन मूल्य पर विक्रय करना चाहते हैं, उन्हें पंजीयन कराना होगा। किसानों की सुविधा के लिये ऑनलाइन पंजीयन की व्यवस्था की गई है। पंजीयन के लिये इंदौर जिले  में 61 केन्द्र बनाये गये हैं। रबी विपणन वर्ष 2022-23 में समर्थन मूल्य पर गेहूं उपार्जन के लिये किसानों के पंजीयन का कार्य 05 फरवरी से प्रारंभ होकर 05 मार्च 2022 तक चलेगा। जिले में 61 केन्द्रों के अतिरिक्त एम.पी. ऑनलाइन, कियोस्क, कॉमन सर्विस सेंटर/लोक सेवा केन्द्र, एम.पी. किसान एप से भी किसान पंजीयन करा सकते हैं। लेकिन सिकमीदार एवं वनाधिकार पट्टाधारी किसानों के पंजीयन समिति स्तर पर स्थापित पंजीयन केन्द्र पर ही होंगे।

प्राधिकृत पंजीयन केंद्र की प्रक्रिया –   एम.पी. ऑनलाईन कियोस्क, कॉमन सर्विस सेंटर/लोक सेवा केन्द्र को किसान पंजीयन के कार्य हेतु केन्द्र के रूप में प्राधिकृत करने की प्रक्रिया निर्धारित की गई है। संबंधित संस्था को किसान पंजीयन केन्द्र के रूप में कार्य करने हेतु पोर्टल पर निर्धारित प्रारूप में आवेदन करना होगा, जिसमें संस्था संचालक एवं आपरेटर को पंजीयन करना होगा। पंजीयन में संस्था का नाम पंजीयन क्रमांक तथा संचालनकर्ता का नाम, पता, मोबाईल नंबर, आधार नंबर, ई-मेल आईडी आदि विवरण दर्ज करना होगा। साथ ही संचालनकर्ता एवं आपरेटर का सत्यापन ई-केवायसी/ओटीपी के माध्यम से किया जाएगा। संबंधित संस्था का पंजीयन प्राधिकार पत्र की प्रति स्कैन कर अपलोड करनी होगी। डीएसओ द्वारा संबंधित पोर्टल पर दर्ज विवरण दस्तावेज परीक्षण उपरांत पात्र पाये जाने पर संबंधित संस्था को पंजीयन केन्द्र के रूप में स्वीकृति ई-उपार्जन पोर्टल पर दी जाएगी।

नवीन पंजीयन/उपार्जन/भुगतान व्यवस्था में संशोधन –   नवीन पंजीयन व्यवस्था में बेहतर सेवा प्राप्त करने के लिए यह जरूरी होगा कि किसान अपने आधार नंबर से बैंक खाता और मोबाईल नंबर को लिंक कराकर उसे अपडेट रखे। नवीन व्यवस्था अनुसार पंजीयन के समय किसान को बैंक खाता नंबर और IFSC कोड प्रविष्ट कराने की अनिवार्यता समाप्त कर दी गई है। अब किसानों को उपार्जित फसल का भुगतान उनके आधार नंबर से लिंक खाते में सीधे प्राप्त होगा। किसान का पंजीयन केवल उसी स्थिति में हो सकेगा जबकि भू-अभिलेख में दर्ज खाते एवं खसरे में दर्ज नाम का मिला आधार कार्ड में दर्ज नाम से होगा। भू-अभिलेख और आधार कार्ड में दर्ज नाम में विसंगति होने पर पंजीयन का सत्यापन तहसील कार्यालय से कराया जाएगा। फसल बेचने के लिये एसएमएस प्राप्ति की अनिवार्यता को समाप्त कर दिया गया है। किसान फसल बेचने के लिए निर्धारित पोर्टल से नजदीक के उपार्जन केन्द्र, तिथि और टाईम स्लॉट का स्वयं चयन 7 मार्च 2022 से 20 मार्च 2022 तक कर सकेंगे।जिले के सभी किसानों से अपील की गई है कि यदि वह समर्थन मूल्य पर गेहूं का विक्रय करना चाहते हैं  तो वह उपरोक्त व्यवस्था अनुसार पंजीयन केन्द्रों तथा एम.पी. ऑनलाईन कियोस्क, कॉमन सर्विस सेंटर/लोक सेवा केन्द्र, एम.पी. किसान एप के द्वारा 05 मार्च 2022 तक पंजीयन करा सकते हैं।

महत्वपूर्ण खबर: देश की प्रमुख मंडियों में सोयाबीन के मंडी रेट और आवक (1 फरवरी 2022 के अनुसार)

Share
Advertisements

Leave a Reply

Your email address will not be published.